वेइगेल ने एएफआई से एशियाई खेलों के लिए टीम चुनते समय खराब मौसम का ध्यान रखने को कहा
वेइगेल ने एएफआई से एशियाई खेलों के लिए टीम चुनते समय खराब मौसम का ध्यान रखने को कहा
भुवनेश्वर, 26 जून (भाषा) भारत के पैदल चाल के कोच रोनाल्ड वेइगेल ने शुक्रवार को राष्ट्रीय चयनकर्ताओं से कहा कि वे जापान में होने वाले एशियाई खेलों के लिए टीम चुनते समय इस बात का ध्यान रखें कि राष्ट्रीय अंतर राज्यीय चैंपियनशिप में हाफ मैराथन स्पर्धा का आयोजन बहुत अधिक उमस वाले मौसम में किया गया।
पिछले साल मार्च में राष्ट्रीय पैदल चाल कोच का पद संभालने वाले वेइगेल ने यह भी सुझाव दिया कि भविष्य में बड़ी बहु खेल प्रतियोगिताओं से पहले चयन प्रतियोगिताएं अलग से हों या ऐसी जगहों पर होनी चाहिए जहां मौसम कम कड़ा हो।
वेइगेल ने पीटीआई से कहा, ‘‘खराब मौसम का खिलाड़ियों पर बहुत असर पड़ता है, समय में काफी अंतर आ जाता है। देखिए, मुझे पसीना आ रहा है, मुझे अपनी शर्ट बदलनी पड़ रही है। यहां 94 प्रतिशत आर्द्रता है।’’
उन्होंने यह बात तब कही जब उनकी ट्रेनी मुनिता प्रजापति ने महिलाओं की हाफ मैराथन (21.098 किमी) पैदल चाल सपर्धा एक घंटे, 45 मिनट और पांच सेकेंड में जीती।
वेइगेल ने कहा, ‘‘उदाहरण के लिए 2019 दोहा विश्व चैंपियनशिप में (गर्मी के कारण) 20 किमी स्पर्धा में सबसे अच्छे खिलाड़ी ने सामान्य रेस की तुलना में 10 मिनट अधिक समय लिया। इसलिए अधिकारियों को यह समझना होगा कि ऐसे मौसम में खिलाड़ी तेज गति से मुकाबला नहीं कर सकते।’’
जर्मनी के इस कोच ने कहा, ‘‘ऐसे मौसम और धीमी टाइमिंग के बावजूद पहले और दूसरे स्थान पर रहने वाले खिलाड़ियों को एशियाई खेलों के लिए चुना जा सकता है। यह एक अच्छा और निष्पक्ष समाधान होगा।’’
एशियाई खेलों के लिए भारतीय एथलेटिक्स टीम की घोषणा रविवार को होने की उम्मीद है जो राष्ट्रीय अंतर राज्यीय सीनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप का आखिरी दिन है।
चौबीस साल की मुनिता भारतीय एथलेटिक्स महासंघ (एएफआई) द्वारा तय किए गए एशियाई खेलों के एक घंटे 37 मिनट 20 सेकेंड के क्वालीफाइंग स्तर से काफी पीछे रहीं।
एएफआई द्वारा तय किया गया एशियाई खेलों का क्वालीफाइंग समय असल में उस राष्ट्रीय रिकॉर्ड (एक घंटा 39 मिनट 15 सेकेंड) से भी मुश्किल है जिसे रवीना ने फरवरी में चंडीगढ़ में भारतीय पैदल चाल चैंपियनशिप जीतने के दौरान हासिल किया था।
जब वेइगेल से पूछा गया कि क्या एशियाई खेलों जैसी बहु खेल प्रतियोगिताओं से पहले अलग से चयन प्रतियोगिताएं हो सकती हैं क्योंकि वे आम तौर पर गर्मियों में होते हैं तो उन्होंने कहा, ‘‘हां। हमें खिलाड़ियों को बेहतर हालात देने के बारे में सोचना होगा जिससे कि वे तेजी से दौड़ सकें। हमें भविष्य के बारे में सोचना होगा। हमें कुछ बदलाव करने होंगे।’’
उन्होंने कहा, ‘‘तो अगली बार शायद हमें एंड्योरेंस स्पर्धा के लिए जगह बदलकर बेंगलुरु करनी होगी। यह अच्छा रहेगा। अभी वहां तापमान 20 डिग्री है, अधिक से अधिक 25 डिग्री और नमी भी नहीं है।’’
वेइगेल ने कहा, ‘‘और अगर हमें दूसरे देशों में मुकाबला करने का मौका मिले तो भारत दिखा देगा कि वे किसी से कम नहीं हैं। वे दुनिया के बेहतरीन एथलीटों का मुकाबला कर सकते हैं। हमारे एथलीटों में यह क्षमता है। और मुझे यकीन है कि कुछ वर्षों में अगर वे इसी तरह आगे बढ़ते रहे तो वे दुनिया के बेहतरीन एथलीटों में शामिल होंगे।’’
भाषा सुधीर
सुधीर

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