नयी दिल्ली, 19 अगस्त (भाषा) युवा अमेरिकी बैडमिंटन खिलाड़ी गैरेट टैन ने शुक्रवार को भारत से रवाना होने के लिए अपनी उड़ान बुक कर रखी थी लेकिन अब उन्हें शायद इसमें बदलाव करना पड़ सकता है।
अमेरिका के 18 वर्षीय टैन ने बुधवार को अपने करियर की सबसे बड़ी जीत दर्ज करते हुए विश्व चैंपियनशिप के पूर्व कांस्य पदक विजेता लक्ष्य सेन को दूसरे दौर के रोमांचक मुकाबले में 19-21, 21-19, 21-17 से हराकर टूर्नामेंट से बाहर कर दिया।
टैन अपनी पहली विश्व चैंपियनशिप में सिर्फ अपना सर्वश्रेष्ठ बैडमिंटन खेलने के इरादे से पहुंचे थे। अब वह प्री क्वार्टर फाइनल में पहुंच चुके हैं और कम से कम एक दिन और नयी दिल्ली में रहेंगे।
टैन ने मुस्कुराते हुए कहा, ‘‘मुझे शुक्रवार को जाना था, लेकिन अब शायद…।’’
विश्व चैंपियनशिप में पदार्पण कर रहे इस किशोर के लिए यह दुनिया के सबसे बड़े मंच पर शानदार शुरुआत रही।
टैन ने मुकाबले से पहले लक्ष्य के खेल का घंटों अध्ययन नहीं किया था। वह इस मौके और अपने प्रतिद्वंद्वी की प्रतिष्ठा को खुद पर हावी नहीं होने देना चाहते थे।
उन्होंने कहा, ‘‘नहीं, ऐसा नहीं था। मैं बस कोर्ट पर जाकर अपना सर्वश्रेष्ठ देना चाहता था। मैं वास्तव में यह नहीं सोचना चाहता था कि मेरे सामने कौन खड़ा है।’’
टैन का अगला मुकाबला पूर्व चैंपियन थाईलैंड के कुनलावुत वितिदसर्न से होगा।
यह सरल रणनीति उनके लिए कारगर साबित हुई। विश्व रैंकिंग में 92वें स्थान पर काबिज टैन ने बेफिक्र होकर खेलते हुए बार-बार शटल को पिछले कोर्ट में पहुंचाया, कोर्ट पर ड्रिफ्ट का समझदारी से इस्तेमाल किया और अपने आक्रामक खेल से सेन को असहज बनाए रखा।
उन्होंने कहा, ‘‘यह ड्रिफ्ट की वजह से था और मैं लगातार उसी तरफ शॉट मारता रहा।’’
टैन की कोच पाउला लिन बचपन से उनके साथ काम कर रही हैं। उन्होंने कहा कि रणनीति लक्ष्य को फ्रंट कोर्ट से दूर रखने की थी जहां भारतीय खिलाड़ी युवा अमेरिकी पर दबाव बना सकता था।
लिन ने कहा, ‘‘लक्ष्य बहुत अच्छे खिलाड़ी हैं। शुरुआत में वह गैरेट पर फ्रंट कोर्ट में काफी दबाव बना रहे थे। इसलिए हम उन्हें वहां से दूर रखना चाहते थे।’’
उन्होंने कहा, ‘‘पहले गेम और दूसरे गेम की शुरुआत में वह हाफ स्मैश कर रहे थे और फिर बहुत तेजी से आगे आ रहे थे। इसलिए हमने खेल की गति थोड़ी धीमी करने की कोशिश की।’’
टैन को एक शॉट के दौरान सिर पर चोट लगी और उन्हें चक्कर जैसा महसूस हुआ। इस घटना ने उन्हें कुछ सप्ताह पहले हुई ऐसी ही घटना की याद दिला दी।
उन्होंने कहा, ‘‘मैं स्लाइड करने गया और फिर मेरे सिर पर हल्की चोट लगी। मुझे अच्छा महसूस नहीं हो रहा था क्योंकि कुछ सप्ताह पहले मेरे पिछले मैच में भी ऐसा ही हुआ था।’’
लिन ने उन्हें संयम बनाए रखने की सलाह दी।
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने उससे कहा कि बस खुद को रीसेट करो। अंक बेहद करीबी हो रहे थे और मुकाबला निर्णायक दौर में पहुंच गया था। एक खिलाड़ी के तौर पर उस स्थिति में आप एक समय में सीमित चीजों पर ही ध्यान दे सकते हैं। इसलिए मैंने उससे कहा कि संयम बनाए रखो, ध्यान केंद्रित रखो और सिर्फ मौजूदा अंक पर ध्यान दो।”
टैन ने ठीक ऐसा ही किया।
टैन ने 18-16 के स्कोर पर जोरदार जंप स्मैश लगाया। इसके बाद सेन की सर्विस लंबी हो गई और टैन ने क्रॉस-कोर्ट स्मैश लगाकर चार मैच प्वाइंट हासिल कर लिए।
अमेरिकी खिलाड़ी ने अंततः मुकाबला तब अपने नाम कर लिया जब फ्रंट कोर्ट पर शॉट लेने के लिए आगे बढ़ते समय सेन फिसल गए।
भाषा सुधीर नमिता
नमिता