बस्तर परिवहन संघ पर प्रशासन का शिकंजा कसता ही जा रहा है। सोमवार को करीब साढ़े तीन सौ ऐसे ट्रकों पर कार्रवाई की गई, जो संघ की पर्ची के आधार पर बिना टैक्स पटाए ही परिवहन में लगी थीं। इसके अलावा रजिस्ट्रार फर्म्स एंड सोसायटी ने अनियमितता की बात पर 15 बिन्दुओं पर नोटिस जारी करते हुए 7 दिनों में जवाब मांगा है। उधर भाजपा ने भी प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कांग्रेस के सभी आरोपों को खारिज किया है।
बस्तर में परिवहन संघ पर कार्रवाई के बाद प्रशासन ने साढ़े तीन सौ ऐसे ट्रकों के खिलाफ कार्रवाई की है, जिन्होंने टैक्स नहीं पटाया है और संघ की पर्ची के आधार पर परिवहन कर रहे थे। जबकि बिना टैक्स के ट्रांसपोर्टर्स नहीं चला सकते, न ही कोई संघ या व्यापारी ऐसी गाड़ियों से माल बुक कर सकता है। इसके साथ ही रजिस्ट्रार फर्म्स एंड सोसायटी ने अनियमितता की बात पर 15 बिन्दुओं पर नोटिस जारी करते हुए 7 दिनों में जवाब मांगा है। परिवहन संघ के अध्यक्ष मामला दर्ज होने के बाद से फरार हैं, वहीं अन्य पदाधिकारियों ने इस तरह की कोई नोटिस मिलने की बात से इनकार किया है।
उधर, नगरनार गोलीकांड मामले में कांग्रेसियों को फंसाने के आरोपों का जवाब देते हुए भाजपा ने कहा कि परिवहन संघ में गुंडागर्दी हो रही थी। कांग्रेसी संघ को सस्पेंड किए जाने और प्रशासन की कार्रवाई से घबराया हुआ है। भाजपा ने कहा कि परिवहन संघ के साथ जो भी नियम विरूद्ध काम करेगा, उस पर कार्रवाई होनी चाहिए। पुलिस और रजिस्ट्रार फर्म्स एंड सोसायटी के बाद अब सेल टैक्स और इनकम टैक्स विभाग भी परिवहन संघ की जांच की तैयारी कर रहे हैं। जाहिर है प्रशासन परिवहन संघ को पूरी तरह ठीक करने में जुटा है।