Sonbhadra Temple Case/ image source: IBC24
सोनभद्र: उत्तरप्रदेश के सोनभद्र जनपद मे धार्मिक आस्था को ठेस पहुंचाने का एक बेहद गंभीर और संवेदनशील मामला सामने आया है। करमा थाना क्षेत्र के बहेरा गांव में स्थित शिव मंदिर परिसर धर्म विशेष के कुछ युवकों द्वारा अमर्यादित कृत्य और धार्मिक नारेबाजी किए जाने का आरोप है। Sonbhadra Temple Case की जानकारी मिलते ही गांव में तनाव की स्थिति बन गई। हिंदू संगठनों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश देखने को मिला, जिसके बाद हालात को काबू में करने के लिए पुलिस और प्रशासन को मोर्चा संभालना पड़ा। मौके पर आला अधिकारी पहुंचे और पूरे इलाके में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
जानकारी के मुताबिक, करमा थाना क्षेत्र के बहेरा गांव में उस वक्त तनाव फैल गया, जब शिव मंदिर परिसर में धर्म विशेष के चार से पांच युवकों द्वारा पेशाब करने और आपत्तिजनक नारेबाजी किए जाने का आरोप सामने आया। Sonbhadra Temple Case की सूचना मिलते ही हिंदू संगठनों के लोग और ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और आरोपियों के खिलाफ त्वरित व सख्त कार्रवाई की मांग करने लगे।
Sonbhadra Temple Case की नजाकत को देखते हुए पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को हिरासत में ले लिया। इस बीच मौके पर मौजूद एएसपी अनिल कुमार ने जानकारी दी कि हिरासत में लिए गए तीनों आरोपी नाबालिग हैं, जिनसे विधिक प्रक्रिया के तहत पूछताछ की जा रही है। वहीं बताया गया कि इस घटना में कुल पांच आरोपी शामिल हैं, जिनमें अन्य की तलाश जारी है।
Sonbhadra Temple Case में तनाव को देखते हुए मंदिर परिसर और पूरे गांव में पुलिस टीम तैनात कर दी गई, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना न हो। कुछ ही देर में मौके पर एडीएम रोहित यादव, एएसपी अनिल कुमार, सीओ घोरावल राहुल पांडेय, तहसीलदार अमित कुमार सिंह सहित कई थानों की पुलिस और राजस्व विभाग की टीम पहुंच गई। इस दौरान ग्रामीणों ने अधिकारियों को बताया कि यह शिव मंदिर दशकों पुराना आस्था का केंद्र रहा है। पहले मंदिर इसी स्थल से कुछ दूरी पर तालाब के पास स्थित था, लेकिन लगातार हो रही अनैतिक घटनाओं के बाद ग्रामीणों ने आपसी सहयोग से नया शिव मंदिर आबादी के बीच बनवाया था। तालाब के पास पुराने शिव मंदिर के अवशेष आज भी मौजूद हैं। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि तालाब की जमीन पर अवैध अतिक्रमण किया गया है।
ग्रामीणों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एडीएम ने तत्काल तहसीलदार और राजस्व टीम को तालाब की नपाई कर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए। जैसे ही राजस्व टीम कार्रवाई के लिए पहुंची, वैसे ही अतिक्रमण करने वालों में हलचल मच गई और कई लोगों ने स्वयं ही अपने कब्जे हटाने शुरू कर दिए। मौके पर बुलडोजर भी पहुंचा है और बड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है। Sonbhadra Temple Case मामले को देखते ही फिलहाल गांव में तनावपूर्ण शांति बनी हुई है। तीन थानों की फोर्स तैनात है और प्रशासन पूरे मामले पर कड़ी नजर बनाए हुए है। करमा थाना क्षेत्र के बहेरा गांव का मामला।
वहीं Sonbhadra Temple Case को लेकर जानकारी देते हुए एएसपी अनिल कुमार ने बताया कि गांव में एक मंदिर बना हुआ है वहां पर दूसरे समुदाय के कुछ नाबालिग बच्चों द्वारा ऐसा कार्य किया जा रहा था जो अनैतिक था और गैर कानूनी था। जिसे लेकर दूसरे समुदाय के लोगों द्वारा विरोध किया गया तो नोक – झोंक भी हुई है। जिसकी सूचना जब पुलिस को दी गई तो थाने पर संबंधित धाराओं में केस पंजीकृत भी किया जा रहा। इस संबंध में नाबालिग बच्चों के विरुद्ध जो भी विधिक कार्रवाई होती है वह की जाएगी। मामले में कुल पांच आरोपी बताए जा रहे जिसमें की तीन नाबालिग बच्चों को हिरासत में लिया गया है। बाल अपचारी के संबंध में जो भी निर्देश हैं उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
Sonbhadra Temple Case में सूचना पाकर मौके पर पहुंचे एडीएम नमामिगंगे रोहित यादव ने बताया कि घटना के दौरान जानकारी मिली है कि सरकारी जमीन का अतिक्रमण हुआ है जिसे लेकर राजस्व टीम को मौके पर निर्देशित किया गया है जहां सभी आवश्यक कार्रवाई की जा रही। जो भी इस संबंधित गलत होंगे उनपर कार्रवाई की जाएगी।