अच्छे लोगों और अच्छी सरकार का चुनाव करेंगे तो परिणाम भी अच्छे होंगे : योगी आदित्यनाथ

अच्छे लोगों और अच्छी सरकार का चुनाव करेंगे तो परिणाम भी अच्छे होंगे : योगी आदित्यनाथ

अच्छे लोगों और अच्छी सरकार का चुनाव करेंगे तो परिणाम भी अच्छे होंगे : योगी आदित्यनाथ
Modified Date: June 6, 2026 / 09:22 pm IST
Published Date: June 6, 2026 9:22 pm IST

गोंडा/लखनऊ, छह जून (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को राज्य में समाजवादी पार्टी की पूर्ववर्ती सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि वर्ष 2017 से पहले विकास ‘‘एक गांव तक सीमित’’ था।

उन्होंने लोगों से ‘‘अच्छे लोगों’’ को चुनने की अपील करते हुए कहा कि अच्छी सरकार बनने पर ही अच्छे परिणाम मिलते हैं।

मुख्यमंत्री ने गोंडा में 516 करोड़ रुपये की लागत वाली 262 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह बात कही।

उन्होंने कहा, ‘‘यदि आप अच्छे लोगों और अच्छी सरकार का चुनाव करेंगे तो परिणाम भी अच्छे होंगे। यदि गलत लोगों का चुनाव करेंगे तो उसके दुष्परिणामों से कोई नहीं बचा सकता।’’

आदित्यनाथ ने कहा, ‘‘पहले ऐसा ही होता था। वर्ष 2017 से पहले जब गलत सरकार आती थी तो विकास एक गांव तक सिमट जाता था।’’

मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने प्रदेश के विभिन्न जिलों में मेडिकल कॉलेज स्थापित किए, जबकि सपा प्रमुख अखिलेश यादव की पूर्ववर्ती सरकार का ध्यान केवल यादव परिवार के पैतृक गांव सैफई तक सीमित था।

उन्होंने कहा, ‘‘जब हमें मेडिकल कॉलेज बनाने थे, तब हमने यह नहीं कहा कि उन्हें सैफई में ही बनाया जाएगा। हमने कहा कि मेडिकल कॉलेज गोंडा, बहराइच, बलरामपुर, अयोध्या और बस्ती में भी बनाए जाएंगे।’’

गोंडा के अतीत का उल्लेख करते हुए आदित्यनाथ ने कहा कि वर्ष 2017 में यदि देश के सबसे गंदे शहरों की चर्चा होती थी तो उसमें गोंडा का नाम प्रमुखता से लिया जाता था।

उन्होंने कहा, ‘‘आज मैं कह सकता हूं कि गोंडा देश के सबसे स्वच्छ शहरों में अपनी पहचान बना रहा है। जब गलत सरकार चुनी जाती है तो परिणाम भी गलत होते हैं। आज गोंडा स्वच्छ है और नयी पहचान के साथ आगे बढ़ रहा है।’’

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश के 75 जिलों, लगभग 350 तहसीलों, 825 विकास खंडों, 762 नगरीय निकायों, 14 हजार वार्डों और 57 हजार से अधिक ग्राम पंचायतों तक बिना किसी भेदभाव के सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंच रहा है।

उन्होंने कहा, ‘‘अब कोई त्योहारों और उत्सवों में बाधा नहीं डाल सकता। यदि कोई ऐसा करने की कोशिश करेगा तो उसका वर्तमान ही नहीं, भविष्य भी बर्बाद हो जाएगा।’’

आदित्यनाथ ने आरोप लगाया कि पहले रामलीला जैसे आयोजनों में भी बाधाएं उत्पन्न की जाती थीं और त्योहार शुरू होने से पहले ही अशांति फैल जाती थी।

उन्होंने कहा, ‘‘वर्ष 2017 से पहले व्यापारी असुरक्षित थे, सत्ता संरक्षित पेशेवर गुंडों का बोलबाला था और प्रदेश महीनों तक कर्फ्यू की स्थिति में रहता था।’’

मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले गोंडा का विकास तुष्टीकरण, अराजकता, परिवारवाद और जातिवाद की भेंट चढ़ गया था।

उन्होंने कहा कि असुरक्षा के माहौल में निवेश नहीं आता।

आदित्यनाथ ने कहा, ‘‘एक समय ऐसा था जब अन्य जिलों की तरह गोंडा के युवाओं को भी पहचान के संकट का सामना करना पड़ता था। प्रदेश में रोजगार के अवसर नहीं थे। जब उत्तर प्रदेश के युवा दूसरे राज्यों में जाते थे तो लोग उन्हें संदेह की दृष्टि से देखते थे और दूरी बनाकर रखते थे।’’

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों तथा भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की ‘डबल इंजन’ सरकार के नौ वर्षों के दौरान हुए विकास कार्यों ने यह स्थिति बदल दी है।

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘आज उत्तर प्रदेश के लोगों को अपनी पहचान के लिए संघर्ष नहीं करना पड़ता। उत्तर प्रदेश का नाम सुनते ही लोगों के चेहरे खिल उठते हैं और वे अपनापन दिखाते हैं।’’

उन्होंने कहा कि अब निवेश केवल नोएडा, गाजियाबाद और मेरठ तक सीमित नहीं है, बल्कि गोंडा जैसे जिलों तक भी पहुंच रहा है, जिससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा हो रहे हैं।

आदित्यनाथ ने कहा कि गोंडा में प्राकृतिक खेती की संभावनाएं बढ़ रही हैं और बेहतर स्वास्थ्य एवं जीवनशैली के लिए प्राकृतिक जीवन पद्धति अपनाने की आवश्यकता है।

अयोध्या का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अब श्री अयोध्या धाम में राम भक्तों के अलावा कोई ‘‘रामद्रोही’’ प्रवेश नहीं कर सकता। उन्होंने कहा कि आज अयोध्या नयी चमक के साथ विकसित हो रही है और वहां जाने वाला प्रत्येक व्यक्ति गौरव की अनुभूति करता है।

आदित्यनाथ ने कहा, ‘‘यदि आप ‘डबल इंजन’ सरकार की ताकत देखना चाहते हैं, तो अयोध्या में मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के मंदिर का निर्माण इसका उदाहरण है। यह ऐसा कार्य है जो पिछले 500 वर्षों में कभी नहीं हो सका था। आप उस क्षेत्र में हैं, जहां लोगों ने इस आंदोलन को अपनी आंखों के सामने होते देखा है।’’

उन्होंने कहा कि 40 वर्ष से अधिक आयु की पीढ़ी ने इस आंदोलन में भाग लिया और उस दौरान तत्कालीन सरकारों द्वारा किए गए अत्याचारों को भी झेला।

योगी आदित्यनाथ ने कहा, ‘‘उस समय राम का नाम लेना भी मानो प्रतिबंधित था। लाठियां चलाई गईं, गोलियां दागी गईं और भगवान राम के भक्त अयोध्या में प्रवेश तक नहीं कर सकते थे। चारों ओर अराजकता का माहौल था। अब स्थिति यह है कि भगवान राम के भक्तों के अलावा कोई रामद्रोही अयोध्या में प्रवेश नहीं कर सकता। ऐसी व्यवस्था की गई है।’’

महाराजा सुहेलदेव का स्मरण करते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘महाराजा सुहेलदेव ने हमें एक हजार वर्ष पहले प्रेरणा दी थी। वे आज भी हमारे लिए प्रेरणा के स्रोत हैं। वह उस पराक्रम के प्रतीक हैं, जिसने आक्रमणकारियों के हृदय में भय उत्पन्न किया था।’’

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत वैश्विक ऊर्जा संकट जैसी चुनौतियों का सामना करने में सक्षम हुआ है और देश में आत्मविश्वास का वातावरण बना है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी के शासन के 12 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में पांच जून (विश्व पर्यावरण दिवस) से 21 जून (अंतरराष्ट्रीय योग दिवस) तक विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

उन्होंने कहा कि इस अवधि में ब्लॉक स्तर पर स्वास्थ्य शिविर, कृषि मेले और ऋण मेले आयोजित किए जाएंगे।

इससे पहले, योगी आदित्यनाथ ने बलरामपुर जिले के तुलसीपुर स्थित शक्तिपीठ मां पाटेश्वरी मंदिर में दर्शन-पूजन किया।

उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से जारी एक बयान के अनुसार, उन्होंने राज्य की सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य और कल्याण की कामना करते हुए आरती की।

मुख्यमंत्री ने मंदिर परिसर की व्यवस्थाओं का निरीक्षण भी किया और वहां उपस्थित श्रद्धालुओं का अभिवादन किया।

भाषा

आनन्द, रवि कांत रवि कांत


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