रामायण परंपरा के विद्वानों और कलाकारों को दिया जाएगा ‘रामायणी सम्मान’

रामायण परंपरा के विद्वानों और कलाकारों को दिया जाएगा 'रामायणी सम्मान'

रामायण परंपरा के विद्वानों और कलाकारों को दिया जाएगा ‘रामायणी सम्मान’
Modified Date: July 9, 2026 / 06:12 pm IST
Published Date: July 9, 2026 6:12 pm IST

वाराणसी, नौ जुलाई (भाषा) रामायण रिसर्च काउंसिल भारतीय संस्कृति, अध्यात्म, साहित्य एवं प्रभु श्रीराम के आदर्श-पथ पर चलने वाली विभूतियों को ‘रामायणी सम्मान’ प्रदान करेगी। एक बयान में यह जानकारी दी गयी।

काउंसिल के न्यासी और सेवानिवृत्त आईएएस अफसर डॉक्टर देवदत्त शर्मा ने बृहस्पतिवार को एक बयान में बताया कि यह सम्मान श्रीराम चरित मानस के रचयिता गोस्वामी तुलसीदास की जयंती के अवसर पर आगामी 18 अगस्त को काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में दिया जाएगा।

उन्होंने बताया कि इस राष्ट्रीय आयोजन के माध्यम से देश के विभिन्न राज्यों में रामायण परंपरा के संरक्षण, संवर्धन, अनुसंधान, साहित्य-सृजन, कथा-वाचन, संगीत, सांस्कृतिक जागरण तथा सामाजिक क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लोगों को चिह्नित कर प्रतिवर्ष सम्मानित किया जाएगा।

शर्मा ने बताया कि सम्मान की प्रमुख श्रेणियों में रामायण शोध सम्मान, रामकथा वाचन सम्मान, रामायण साहित्य सम्मान, रामायण संगीत सम्मान, बाल रामायणी सम्मान, राष्ट्रसेवक रामायणी सम्मान तथा श्रीरामपथिक सम्मान सहित रामायण परंपरा के विविध क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान से संबंधित अन्य श्रेणियां सम्मिलित की जाएंगी।

काउंसिल के महासचिव कुमार सुशांत ने कहा कि इस आयोजन का मूल उद्देश्य रामायण के व्यापक वाङ्मय और उसकी विविध जीवंत परंपराओं को राष्ट्रीय एवं वैश्विक विमर्श में प्रतिष्ठित करना, भारतीय ज्ञान परंपरा के संवाहकों को सम्मानित करना तथा नयी पीढ़ी को रामायण साहित्य, संस्कृति, जीवन-मूल्यों और शोध-परंपरा से जोड़ना है।

शर्मा ने बताया कि चयन समिति एवं मार्गदर्शक मंडल में कथावाचक विजय कौशल , स्वामी मिथिलेशनंदिनीशरण, स्वामी सांदीपेंद्र, आचार्य डॉक्टर हरिहर कृपालु त्रिपाठी, प्रोफेसर अजीत कुमार चतुर्वेदी, डॉक्टर कुमार विश्वास, रजत शर्मा और न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) सुधीर अग्रवाल सहित अनेक प्रतिष्ठित नाम सम्मिलित हैं।

उन्होंने बताया कि ‘रामायणी सम्मान 2026’ के लिए नामांकन प्रक्रिया आगामी नौ जुलाई से शुरू होकर 23 जुलाई तक चलेगी।

भाषा सलीम शफीक माधव

माधव


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