Sonbhadra Temple Controversy: एक बार फिर हिंदुओं की आस्था से खिलवाड़, विशेष समुदाय के 5 लड़कों ने मंदिर में किया पेशाब, इतने लोगों पर FIR दर्ज

एक बार फिर हिंदुओं की आस्था से खिलवाड़, विशेष समुदाय के 5 लड़कों ने मंदिर में किया पेशाब, Sonbhadra Temple Controversy

Sonbhadra Temple Controversy: एक बार फिर हिंदुओं की आस्था से खिलवाड़, विशेष समुदाय के 5 लड़कों ने मंदिर में किया पेशाब, इतने लोगों पर FIR दर्ज
Modified Date: January 19, 2026 / 10:53 pm IST
Published Date: January 19, 2026 9:53 pm IST

सोनभद्र: Sonbhadra Temple Controversy सोनभद्र जिले में कर्मा थानाक्षेत्र के बहेरा गांव में रविवार रात एक शिव मंदिर की दीवार पर अल्पसंख्यक समुदाय के लड़कों द्वारा कथित तौर पर पेशाब किए जाने तथा विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दिये जाने को लेकर पुलिस ने पांच नाबालिगों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की है। यह जानकारी एक पुलिस अधिकारी ने सोमवार को दी।

अपर पुलिस अधीक्षक (एएसपी) अनिल कुमार ने सोमवार को बताया कि बहेरा गांव में एक मंदिर है जहां दूसरे समुदाय के कुछ नाबालिग बच्चों द्वारा अनैतिक एवं ग़ैर क़ानूनी कार्य किया जा रहा था। उन्होंने कहा कि बच्चों के इस कृत्य का दूसरे समुदाय के लोगों ने विरोध किया जिसके बाद कुछ नोकझोंक हुई थी। उन्होंने कहा कि पुलिस सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत कर नाबालिग बच्चों के संबंध में निर्धारित कानून के अनुसार कार्यवाही कर रही है। उन्होंने बताया कि सभी आरोपी नाबालिग हैं।एएसपी ने बताया कि मौके पर कानून-व्यवस्था की कोई समस्या नहीं है।

एक्सट्रा फोर्स तैनात

Sonbhadra Temple Controversy मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए गांव और थाना क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है। घटनास्थल पर पहुंचे एडिशनल एसपी अनिल कुमार और एडीएम रोहित यादव ने बताया कि कुछ नाबालिग लड़कों ने मंदिर में पेशाब करने की घटना को अंजाम दिया है। पुलिस इस संबंध में उचित कार्रवाई कर रही है और मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि तालाब के किनारे एक प्राचीन मंदिर स्थित था, लेकिन अतिक्रमण के चलते नए स्थान पर मंदिर का निर्माण किया गया था, जहां यह घटना हुई है।ग्रामीणों ने तालाब की भूमि पर अवैध अतिक्रमण का भी आरोप लगाया।शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एडीएम ने तहसीलदार और राजस्व टीम को मौके पर ही तालाब की नपाई कर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए।

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लेखक के बारे में

सवाल आपका है.. पत्रकारिता के माध्यम से जनसरोकारों और आप से जुड़े मुद्दों को सीधे सरकार के संज्ञान में लाना मेरा ध्येय है। विभिन्न मीडिया संस्थानों में 10 साल का अनुभव मुझे इस काम के लिए और प्रेरित करता है। कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से इलेक्ट्रानिक मीडिया और भाषा विज्ञान में ली हुई स्नातकोत्तर की दोनों डिग्रियां अपने कर्तव्य पथ पर आगे बढ़ने के लिए गति देती है।