हांगकांग, नौ फरवरी (एपी) हांगकांग के लोकतंत्र समर्थक पूर्व मीडिया दिग्गज एवं चीन के मुखर आलोचक जिमी लाई को सोमवार को 20 साल के कारावास की सजा सुनाई गई।
लाई को चीन द्वारा लागू राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत दिसंबर में दोषी ठहराया गया था। यह इस कानून के तहत अब तक दी गई सबसे लंबी सजा है। इस कानून ने हांगकांग में असंतोष की आवाजों को लगभग पूरी तरह दबा दिया है।
लाई को विदेशी ताकतों के साथ मिलीभगत कर राजद्रोहपूर्ण लेख प्रकाशित करने की साजिश रचने का दोषी पाया गया। उन पर ‘एप्पल डेली’ के वरिष्ठ अधिकारियों और अन्य लोगों के साथ मिलकर, हांगकांग या चीन के खिलाफ प्रतिबंध लगाने या उनके विरुद्ध अन्य शत्रुतापूर्ण गतिविधियों में शामिल होने का विदेशी ताकतों से आग्रह करने का आरोप लगाया गया है।
अब बंद हो चुके ‘एप्पल डेली’ अखबार के संस्थापक लाई (78) को इस मामले में अधिकतम आजीवन कारावास तक की सजा हो सकती थी।
लाई को इस मामले में 20 साल की सजा सुनाई गई है। लाई के पास इस फैसले के खिलाफ अपील करने का विकल्प है। उनके सह-आरोपियों को छह साल तीन महीने से लेकर 10 साल कारावास तक की जेल की सजा मिली है।
सजा सुनाए जाने के समय लाई मुस्कुराए और अपने समर्थकों की ओर हाथ हिलाकर उनका अभिवादन किया। जब उनसे पूछा गया कि वह इस फैसले को चुनौती देंगेख् तो उनके वकील रॉबर्ट पैंग ने कहा कि वे कोई टिप्पणी नहीं करना चाहते।
लाई के खिलाफ कार्रवाई की कुछ विदेशी सरकारों ने आलोचना की है।
लाई चीन की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी के मुखर आलोचक रहे हैं और उन्हें 2020 में राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत गिरफ्तार किया गया था। चीन पिछले वर्ष हुए सरकार विरोधी प्रदर्शनों के बाद शहर की स्थिरता के लिए इस कानून को आवश्यक मानता है।
लाई के खिलाफ मुकदमे को व्यापक पैमाने पर हांगकांग में प्रेस की स्वतंत्रता के पतन के एक संकेतक के रूप में देखा गया है।
लाई को सजा सुनाए जाने से चीन और विदेशी सरकारों के बीच तनाव पैदा हो सकता है। लाई की दोषसिद्धि की अमेरिका और ब्रिटेन ने आलोचना की थी।
लाई ने सभी आरोपों में खुद को निर्दोष बताया। ‘एप्पल डेली’ में उनके छह पूर्व सहयोगियों और दो कार्यकर्ताओं ने अपना जुर्म कबूल कर लिया था।
लाई को 2019 में धोखाधड़ी के आरोपों और उनके द्वारा किए गए कृत्यों से संबंधित कई छोटे अपराधों के लिए दोषी ठहराया गया था। वह इन अपराधों के लिए पहले ही लगभग छह साल कारावास की सजा काट रहे हैं।
लाई के बेटे सेबेस्टियन ने एक बयान जारी कर कहा, ‘‘यह सजा हांगकांग की कानूनी व्यवस्था के पूर्ण पतन और न्याय के अंत को दर्शाती है।’’
हांगकांग के नेता जॉन ली ने लाई के गंभीर अपराधों का हवाला देते हुए कहा कि लाई की सजा कानून के शासन का प्रमाण है।
सरकार द्वारा चुने गए तीन न्यायाधीशों ने लाई को 20 साल कारावास की सजा सुनाते हुए कहा कि लाई पर जिन अपराधों के आरोप लगाए गए हैं, वे उनके ‘‘नि:संदेह मुख्य साजिशकर्ता हैं, इसलिए उन्हें कड़ी सजा दी जानी चाहिए।’’
एपी सिम्मी दिलीप
दिलीप