ईरान की ‘गनबोट’ ने होर्मुज जलडमरूमध्य में टैंकर पर गोलीबारी की
ईरान की ‘गनबोट’ ने होर्मुज जलडमरूमध्य में टैंकर पर गोलीबारी की
काहिरा, 18 अप्रैल (एपी) होर्मुज जलडमरूमध्य में जारी दोहरी घेराबंदी शनिवार को एक अनिश्चित और खतरनाक स्थिति में पहुँच गई। एक ओर जहाँ अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों की घेराबंदी करने के अपने अभियान को और तेज़ कर दिया है, वहीं दूसरी ओर ईरान ने जलमार्ग खोलने के अपने शुरुआती कदम को वापस लेते हुए वहां से गुजरने की कोशिश कर रहे एक जहाज पर गोलीबारी कर दी।
इस महत्वपूर्ण सामरिक जलमार्ग को लेकर बनी असमंजस की स्थिति ने वैश्विक अर्थव्यवस्था को प्रभावित कर रहे ऊर्जा संकट के और गहराने और दोनों देशों को फिर से संघर्ष की ओर धकेलने का खतरा पैदा कर दिया है, जबकि मध्यस्थ इस बात पर विश्वास जता रहे थे कि एक नया समझौता हो सकता है।
ईरान की संयुक्त सैन्य कमान ने शनिवार को कहा कि ‘‘होर्मुज जलडमरूमध्य पर नियंत्रण पहले जैसी स्थिति में लौट आया है… सशस्त्र बलों के सख्त प्रबंधन और नियंत्रण में।’’
इसने चेतावनी दी कि जब तक ईरानी बंदरगाहों पर अमेरिकी नाकेबंदी प्रभावी रहेगी, तब तक वह जलडमरूमध्य में आवागमन को अवरुद्ध करना जारी रखेगा।
ब्रिटेन की सेना ने शनिवार को कहा कि ईरान के रिवॉल्यूशनरी गार्ड की दो ‘गनबोट’ ने होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे एक टैंकर पर गोलीबारी की।
‘यूनाइटेड किंगडम मैरीटाइम ट्रेड ऑपरेशन सेंटर’ ने कहा कि टैंकर को कोई नुकसान नहीं हुआ और चालक दल के सदस्य सुरक्षित हैं।
ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने संबंधी फैसले को लेकर तुरंत पलटी मारते हुए शनिवार को इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग पर दोबारा प्रतिबंध लगा दिये।
ईरानी संसद के राष्ट्रीय सुरक्षा आयोग के प्रमुख इब्राहिम अजीजी ने कहा कि जलडमरूमध्य ‘‘पहले जैसी स्थिति में लौट रहा है’’।
फैसले में यह बदलाव ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची द्वारा जलडमरूमध्य को खुला घोषित करने के एक दिन बाद आया।
इजराइल और लेबनान के चरमपंथी संगठन हिज्बुल्ला के बीच 10 दिन के संघर्षविराम की घोषणा की गई थी।
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पहले तो जलडमरूमध्य को फिर से खोलने पर इसी तरह का रुख अपनाया था, लेकिन बाद में कहा कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम समेत किसी भी मुद्दे पर समझौता होने तक ईरान चाहे जो भी करे, अमेरिकी नाकेबंदी ‘‘पूरी तरह से लागू रहेगी’’।
डेटा विश्लेषण कंपनी केपलर ने कहा कि जलडमरूमध्य में जहाजों की आवाजाही अब भी उन्हीं गलियारों तक सीमित है, जिनके लिए ईरान की मंजूरी जरूरी है।
अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने ‘एक्स’ पर कहा कि सोमवार से शुरू हुई नाकेबंदी के बाद से अमेरिकी बल 21 जहाजों को वापस ईरान भेज चुके हैं।
होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव बढ़ने के बावजूद, पाकिस्तानी अधिकारियों का कहना है कि अमेरिका और ईरान 22 अप्रैल की युद्धविराम समय सीमा से पहले एक समझौते के करीब पहुंच रहे हैं।
ट्रंप ने एक अन्य पोस्ट में कहा कि अमेरिका ने इजराइल को लेबनान पर आगे हमले करने से ‘‘रोक दिया है’’ और इजराइल-हिज्बुल्ला युद्ध अब ‘‘बहुत हो चुका’’ है।
ट्रंप की पोस्ट से कुछ ही समय पहले, इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि इजराइल लेबनान में संघर्षविराम के लिए ‘‘मेरे मित्र राष्ट्रपति ट्रंप के अनुरोध पर’’ सहमत हुआ, लेकिन हिज्बुल्ला के खिलाफ अभियान अभी पूरा नहीं हुआ है।
उन्होंने दावा किया कि इजराइल ने हिज्बुल्ला के मिसाइल और रॉकेट भंडारों का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा नष्ट कर दिया है और कहा कि इजराइली सेना ने अभी तक इस समूह को खत्म करने का काम पूरा नहीं किया है।
एपी
देवेंद्र दिलीप
दिलीप

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