Traffic Challan Pending Add Electricity Bill: ई-चालान को हल्के में न लें! समय पर भुगतान नहीं किया तो बिजली बिल में जुड़ेगा जुर्माना और रुक सकती है RC-DL से जुड़ी ये सुविधा

Traffic Challan Pending Add Electricity Bill: सुप्रीम कोर्ट ने लंबित ई-चालान और ट्रैफिक जुर्माने की कम वसूली पर चिंता जताई है। अदालत ने बकाया चालानों की वसूली को बेहतर बनाने के लिए कुछ नए सुझाव भी दिए हैं। इन सुझावों का मकसद लंबित चालानों की संख्या घटाना और नियमों के पालन को बढ़ावा देना है।

Traffic Challan Pending Add Electricity Bill:  ई-चालान को हल्के में न लें! समय पर भुगतान नहीं किया तो बिजली बिल में जुड़ेगा जुर्माना और रुक सकती है RC-DL से जुड़ी ये सुविधा

(Traffic Challan Pending Add Electricity Bill/ Image Credit: IBC24 News)

Modified Date: September 29, 2026 / 05:27 pm IST
Published Date: September 29, 2026 5:12 pm IST
HIGHLIGHTS
  • 20 हजार करोड़ रुपये के चालान बाकी
  • सिर्फ चालान काटना काफी नहीं
  • बिजली बिल से जुड़ सकता है जुर्माना

नई दिल्ली: Traffic Challan Pending Add Electricity Bill: सुप्रीम कोर्ट ने देशभर में लंबित ई-चालान और ट्रैफिक जुर्माने (Traffic Challan Pending Add Electricity Bill) की वसूली को लेकर चिंता जताई है। सोमवार को जस्टिस जे.बी. पारदीवाला और जस्टिस के.वी. विश्वनाथन की पीठ ने इस मामले की सुनवाई की। कोर्ट को बताया कि करीब 45 हजार करोड़ रुपये के ट्रैफिक चालान जारी किए गए हैं। इनमें से लगभग 25 हजार करोड़ रुपये वसूल हो चुके हैं, जबकि करीब 20 हजार करोड़ रुपये अभी भी बाकी है।

सिर्फ चालान काटना काफी नहीं

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि केवल ई-चालान जारी करने से समस्या हल नहीं होगी। असली चुनौती जुर्माने की रकम वसूल करना है। कोर्ट ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को बकाया चालानों की वसूली के लिए अलग-अलग उपायों पर काम करने का सुझाव दिया। इनमें एक सुझाव यह भी था कि लंबे समय से भुगतान नहीं किए गए चालान की रकम को बिजली बिल से जोड़ने (Traffic Challan Pending Add Electricity Bill) का रास्ता तलाशा जाए। लेकिन यह अभी कोर्ट का सुझाव है, नियम लागू नहीं हुए हैं।

बकाया चालान वाली गाड़ियों पर कार्रवाई का सुझाव

कोर्ट ने बिना भुगतान वाले चालानों वाली गाड़ियों की पहचान के लिए रैंडम चेकिंग का सुझाव भी दिया। इसके अलावा ऐसी गाड़ियों की रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (RC) से जुड़ी सेवाओं पर रोक लगाने के विकल्प पर चर्चा हुई। इसमें RC का नवीनीकरण, डुप्लीकेट RC जारी करना और वाहन मालिक का नाम बदलना शामिल है। परिवहन पोर्टल पर बकाया चालान वाली गाड़ियों को ब्लैकलिस्ट करने और चालान चुकाने तक वाहन ट्रांसफर रोकने का सुझाव भी सामने आया।

DL, फिटनेस और PUC पर भी हो सकता है असर

सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई में बकाया चालान वाली गाड़ियों के फिटनेस और PUC सर्टिफिकेट से जुड़ी सेवाएं रोकने के (Traffic Challan Pending Add Electricity Bill) विकल्प पर भी चर्चा हुई। इसके अलावा ड्राइविंग लाइसेंस के नवीनीकरण को रोकने और कुछ मामलों में मौजूदा लाइसेंस को सस्पेंड करने जैसे कदमों पर भी विचार किया गया। इन सुझावों का मकसद लंबित चालानों की वसूली बढ़ाना और ट्रैफिक नियमों के पालन को मजबूत करना है। फिलहाल ये उपाय सुझाव के स्तर पर हैं।

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लेखक के बारे में

मैं 2018 से पत्रकारिता में सक्रिय हूँ। हिंदी साहित्य में मास्टर डिग्री के साथ, मैंने सरकारी विभागों में काम करने का भी अनुभव प्राप्त किया है, जिसमें एक साल के लिए कमिश्नर कार्यालय में कार्य शामिल है। पिछले 7 वर्षों से मैं लगातार एंटरटेनमेंट, टेक्नोलॉजी, बिजनेस और करियर बीट में लेखन और रिपोर्टिंग कर रहा हूँ।