E20 Petrol Engine: कार मालिकों के लिए बड़ी खबर! E20 पेट्रोल से इंजन डैमेज हुआ तो मिलेगा क्लेम या होगा रिजेक्ट? जानिए क्या कहते हैं नियम

Ads

E20 Petrol Engine: E20 पेट्रोल में 80 प्रतिशत सामान्य पेट्रोल और 20 प्रतिशत एथेनॉल मिलाया जाता है। एथेनॉल एक बायोफ्यूल है जो गन्ना, मक्का और अन्य कृषि उत्पादों से तैयार होता है। यह मिश्रण पर्यावरण के लिए बेहतर माना जाता है और ईंधन में प्रदूषण को कम करने में मदद करता है।

  •  
  • Publish Date - June 12, 2026 / 03:38 PM IST,
    Updated On - June 12, 2026 / 03:42 PM IST

(E20 Petrol Engine/ Image Credit: Pexels)

HIGHLIGHTS
  • E20 पेट्रोल में 80% पेट्रोल और 20% एथेनॉल होता है।
  • 2023 के बाद बनी गाड़ियां ज्यादातर E20 अनुकूल हैं।
  • पुरानी गाड़ियों में E20 से इंजन पर धीरे-धीरे असर पड़ सकता है।

नई दिल्ली: E20 Petrol Engine: भारत में E20 पेट्रोल का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है। इसमें 80 प्रतिशत सामान्य पेट्रोल और 20 प्रतिशत एथेनॉल मिलाया जाता है। एथेनॉल गन्ना, मक्का और अन्य कृषि उत्पादों से बनने वाला बायोफ्यूल है। सरकार इसका उपयोग इसलिए बढ़ा रही है ताकि कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम हो, प्रदूषण घटे और किसानों की आय में बढ़ोतरी हो सके।

किन गाड़ियों पर पड़ सकता है असर

अप्रैल 2023 के बाद बनी कई नई गाड़ियां E20 ईंधन के अनुकूल हैं। लेकिन उससे पहले बनी अधिकांश कारें केवल E10 पेट्रोल के लिए डिजाइन की गई थीं। विशेषज्ञों के अनुसार पुराने वाहनों में E20 पेट्रोल का लगातार उपयोग करने से फ्यूल सिस्टम, रबर सील और इंजन के कुछ हिस्सों पर धीरे-धीरे असर पड़ सकता है। हालांकि यह नुकसान तुरंत नहीं दिखता। लेकिन समय के साथ समस्या बढ़ सकती है।

वाहन कंपनियों की अलग-अलग राय

वाहन निर्माता कंपनियों की राय अलग-अलग है। टोयोटा का कहना है कि E10 के लिए बनी गाड़ियों में E20 का इस्तेमाल नुकसानदायक हो सकता है और ऐसे मामलों में वारंटी क्लेम स्वीकार नहीं किया जाता। वहीं महिंद्रा का दावा है कि उसके पेट्रोल इंजन E20 के अनुकूल हैं और इससे वारंटी प्रभावित नहीं होगी। टाटा मोटर्स भी कहती है कि उसकी कई गाड़ियां E20 पर सामान्य रूप से चल सकती हैं।

इंश्योरेंस और क्लेम पर क्या है नियम?

इंश्योरेंस कंपनियों के अनुसार, अगर यह साबित हो जाए कि इंजन खराब होने की वजह गलत फ्यूल का इस्तेमाल है तो क्लेम रिजेक्ट किया जा सकता है। खासकर तब जब वाहन E20 के लिए डिजाइन न हो। हालांकि कुछ कंपनियां और निर्माता मानते हैं कि यदि गाड़ी E20 अनुकूल है तो इंश्योरेंस और वारंटी पर कोई असर नहीं पड़ेगा। इसलिए कार मालिकों को अपनी गाड़ी की स्पेसिफिकेशन देखकर ही E20 का उपयोग करना चाहिए।

इन्हें भी पढ़ें:

E20 पेट्रोल क्या होता है?

E20 पेट्रोल में 80% पेट्रोल और 20% एथेनॉल मिलाया जाता है।

क्या सभी गाड़ियां E20 पेट्रोल के लिए सुरक्षित हैं?

नहीं, पुरानी गाड़ियां खासकर E10 के लिए बनी होती हैं, उनमें असर पड़ सकता है।

क्या E20 पेट्रोल से इंजन खराब हो सकता है?

पुराने वाहनों में लंबे समय तक इस्तेमाल से फ्यूल सिस्टम और इंजन पार्ट्स पर असर पड़ सकता है।

क्या E20 से इंश्योरेंस क्लेम मिलता है?

अगर साबित हो कि नुकसान गलत फ्यूल की वजह से हुआ है, तो क्लेम रिजेक्ट हो सकता है।