Nirmala Sitharaman Budget Speech Live/Image Source: ANI
नई दिल्ली: Nirmala Sitharaman Budget Speech Live: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में केंद्रीय बजट पेश करना शुरू कर दिया है। यह उनका लगातार नौवां बजट है जिसके साथ ही उन्होंने इतिहास रच दिया है। बजट भाषण की शुरुआत करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि सरकार अगले 25 वर्षों के विजन के साथ आगे बढ़ रही है और इस बजट का मूल उद्देश्य देश के हर परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत करना है।
Nirmala Sitharaman Budget Speech Live: वित्त मंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि सरकार का फोकस इस बात पर है कि आम परिवारों के हाथ में अधिक से अधिक पैसा पहुंचे ताकि घरेलू मांग को मजबूती मिले। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि आज माघ पूर्णिमा और गुरु रविदास जयंती का पावन अवसर है और ऐसे शुभ दिन पर बजट पेश करना उनके लिए सौभाग्य की बात है।
बजट भाषण में निर्मला सीतारमण ने सरकार की उपलब्धियों और नीतिगत फैसलों का जिक्र करते हुए कहा कि बीते वर्षों में घरेलू विनिर्माण क्षमता को मजबूत किया गया, ऊर्जा सुरक्षा को नई मजबूती मिली और अर्थव्यवस्था को स्थिर दिशा देने के लिए ठोस कदम उठाए गए। उन्होंने कहा कि सरकार ने लोकलुभावनवाद की बजाय आम जनता की जरूरतों को प्राथमिकता दी और बयानबाज़ी के बजाय सुधारों का रास्ता चुना।
Nirmala Sitharaman Budget Speech Live: वित्त मंत्री ने कहा कि मोदी सरकार ने असमंजस छोड़कर निर्णायक कार्रवाई का मार्ग अपनाया है। भारत की विकास यात्रा लगातार आर्थिक वृद्धि और नियंत्रित महंगाई से चिन्हित रही है, जबकि नीतिगत फैसलों के जरिए मजबूत मैक्रो-इकोनॉमिक स्थिरता सुनिश्चित की गई है। बजट में EV, सेमीकंडक्टर, मैन्युफैक्चरिंग, इंफ्रास्ट्रक्चर और हाउसिंग सेक्टर से जुड़े बड़े ऐलानों पर देश की नजर बनी हुई है। माना जा रहा है कि यह बजट भारत की दीर्घकालिक विकास रणनीति का स्पष्ट रोडमैप पेश करेगा।
Nirmala Sitharaman Budget Speech Live: बजट से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि यह ‘विकसित भारत’ का बजट होगा, जिसमें वर्ष 2047 के लक्ष्य को केंद्र में रखा गया है। पीएम मोदी ने कैबिनेट बैठक में कहा कि यह बजट देश को आत्मनिर्भर और समृद्ध बनाने की दिशा में अहम भूमिका निभाएगा। गौरतलब है कि बजट को पेश किए जाने से पहले मोदी कैबिनेट ने इसे मंजूरी दे दी थी। संसद भवन में आयोजित कैबिनेट बैठक में बजट प्रस्तावों को अंतिम रूप दिया गया, जिसके बाद सुबह 11 बजे वित्त मंत्री ने लोकसभा में बजट पेश किया। अब देश की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि केंद्रीय बजट किस तरह आम जनता, उद्योग जगत और निवेशकों की उम्मीदों पर खरा उतरता है।