बजट में आत्मनिर्भर भारत कोष में 4,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि जोड़ने का प्रस्ताव

बजट में आत्मनिर्भर भारत कोष में 4,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि जोड़ने का प्रस्ताव

बजट में आत्मनिर्भर भारत कोष में 4,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि जोड़ने का प्रस्ताव
Modified Date: February 1, 2026 / 11:51 am IST
Published Date: February 1, 2026 11:51 am IST

नयी दिल्ली, एक फरवरी (भाषा) वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को घोषणा की कि सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों (एमएसएमई) को समर्थन देने के लिए आत्मनिर्भर भारत कोष में 2026-27 में 4,000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि जोड़ी जाएगी।

इस कोष की घोषणा 2023 में की गई थी ताकि उन एमएसएमई में 50,000 करोड़ रुपये की ‘इक्विटी वित्तपोषण’ डाला जा सके जिनमें बड़ी इकाइयों में विकसित होने की क्षमता और व्यवहार्यता हो।

केंद्रीय बजट 2026-27 पेश करते हुए वित्त मंत्री ने पांच उप-भागों वाला एक एकीकृत वस्त्र कार्यक्रम भी प्रस्तावित किया। यह एक ऐसा कदम जो इस क्षेत्र की मदद कर सकता है जो (क्षेत्र) अमेरिका द्वारा लगाए गए 50 प्रतिशत के भारी शुल्क के कारण चुनौतियों का सामना कर रहा है।

अपने बजट भाषण में उन्होंने प्राकृतिक फाइबर योजना, वस्त्र विस्तार एवं रोजगार योजना तथा राष्ट्रीय हथकरघा एवं हस्तशिल्प कार्यक्रम का प्रस्ताव रखा।

मंत्री ने केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों द्वारा सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों से की जाने वाली सभी खरीद के लिए टीआरईडीएस को लेनदेन मंच बनाने का भी प्रस्ताव रखा।

टीआरईडीएस मंच, रिसिवेबल्स एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड (आरएक्सआईएल), सिडबी और एनएसई द्वारा प्रवर्तित एक संयुक्त उद्यम है।

मंत्री ने कहा कि सरकार छोटे व मझोले शहरों में बुनियादी ढांचे का विकास जारी रखेगी।

भाषा निहारिका अजय

अजय


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