एलपीजी की आपूर्ति बाधित होने से दिल्ली के लोग चिंतित, छात्र बाहर खाने को मजबूर

एलपीजी की आपूर्ति बाधित होने से दिल्ली के लोग चिंतित, छात्र बाहर खाने को मजबूर

एलपीजी की आपूर्ति बाधित होने से दिल्ली के लोग चिंतित, छात्र बाहर खाने को मजबूर
Modified Date: March 11, 2026 / 09:18 pm IST
Published Date: March 11, 2026 9:18 pm IST

नयी दिल्ली, 11 मार्च (भाषा) एलपीजी आपूर्ति को लेकर चिंता के बीच दिल्ली के लोगों और छात्रों की परेशानी बढ़ गयी है। कई परिवार इंडक्शन यानी इलेक्ट्रिक चूल्हे का उपयोग करने लगे हैं, जिससे उनके बिजली बिल बढ़ने का खतरा है। वहीं, किराये के मकानों में रहने वाले छात्र बाहर का खाना खाने को मजबूर हो रहे हैं।

लोगों का कहना है कि सीमित एलपीजी स्टॉक वाले परिवारों में इस स्थिति को लेकर चिंता है, क्योंकि उन्हें यह पता नहीं है कि उन्हें भरा हुआ सिलेंडर कब मिलेगा।

दिल्ली में लगभग 2,500 आरडब्ल्यूए (रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन) का प्रतिनिधित्व करने वाले संगठन, यूनाइटेड रेजिडेंट्स ऑफ जॉइंट एसोसिएशन (यूआरजेए) के अध्यक्ष अतुल गोयल ने कहा कि कई निवासियों ने संगठन से संपर्क कर शिकायत की है कि उन्हें एलपीजी सिलेंडर नहीं मिल रहे हैं और वे वैकल्पिक साधन अपनाने को मजबूर हैं।

गोयल ने कहा, ‘‘कुछ लोग हमारे पास आकर कह रहे हैं कि उन्हें कहीं भी गैस सिलेंडर नहीं मिल रहे हैं और वे इंडक्शन चूल्हे का इस्तेमाल करने को मजबूर हैं। लेकिन उन्हें डर है कि इससे बिजली बिल में काफी वृद्धि होगी और वे यह नहीं जानते कि वे कब तक इस तरह रह पाएंगे।’’

पश्चिम एशिया में बढ़ते संघर्ष के कारण ऊर्जा आपूर्ति बाधित होने के बीच सरकार ने घरेलू स्तर पर उत्पादित प्राकृतिक गैस के आवंटन के लिए प्राथमिकता क्रम में संशोधन किया है, जिसमें सीएनजी और पाइप वाली खाना पकाने की गैस के अलावा एलपीजी उत्पादन को शीर्ष पर रखा गया है।

मुखर्जी नगर आरडब्ल्यूए के अध्यक्ष बी एन झा ने बताया कि यह समस्या विशेष रूप से उन छात्रों को प्रभावित कर रही है जो अकेले रहते हैं या पेइंग गेस्ट (पीजी) के रूप में रहते हैं। इस क्षेत्र में छात्रों की संख्या काफी अधिक है।

उन्होंने कहा कि कई छात्रों ने शिकायत की है कि उन्हें भरा हुआ एलपीजी सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है और इसलिए वे बाहर का खाना खाने के लिए मजबूर हैं, जिससे दैनिक खर्च बढ़ रहा है। कुछ पीजी में, एलपीजी की कमी के कारण भोजन सेवा में भी कमी आई है।

झा ने कहा, ‘‘छात्रों ने बताया है कि उन्हें भरा हुआ सिलेंडर नहीं मिल रहा है और वे बाहर खाने के लिए मजबूर हैं। कुछ पीजी में, रहने वाले लोगों ने बताया है कि पिछले कुछ दिन से भोजन की मात्रा कम कर दी गई है, और कुछ पीजी में तो दिन में केवल एक बार ही भोजन दिया जा रहा है।’’

मॉडल टाउन आरडब्ल्यूए के अध्यक्ष संजय गुप्ता ने बताया कि लोग अपने बची एलपीजी के समाप्त होने को लेकर चिंतित हैं।

गुप्ता ने कहा, ‘‘कई लोग अपनी बुकिंग की पुष्टि सुनिश्चित करने के लिए हर सुबह स्थानीय वितरकों के पास जा रहे हैं। एक व्यक्ति ने बताया कि वह जिस एलपीजी सिलेंडर का उपयोग कर रहा है वह लगभग खत्म होने वाला है, लेकिन उसे कहीं से भी भरा सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है।’’

भाषा रमण अजय

अजय


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