डीटीएच पर निर्भरता कम कर रही है डिश टीवी, अन्य कारोबार क्षेत्रों पर लगा रही है दांव

डीटीएच पर निर्भरता कम कर रही है डिश टीवी, अन्य कारोबार क्षेत्रों पर लगा रही है दांव

डीटीएच पर निर्भरता कम कर रही है डिश टीवी, अन्य कारोबार क्षेत्रों पर लगा रही है दांव
Modified Date: September 13, 2026 / 10:56 am IST
Published Date: September 13, 2026 10:56 am IST

नयी दिल्ली, 13 सितंबर (भाषा) ग्राहकों की संख्या में लगातार आ रही गिरावट से परेशान डिश टीवी को अपने नए कारोबार क्षेत्रों के जरिये अपनी स्थिति में सुधार की उम्मीद है। कंपनी ने पारंपरिक डायरेक्ट-टू-होम (डीटीएच) कारोबार पर निर्भरता कम करते हुए स्मार्ट टीवी, ओटीटी, ई-कॉमर्स और सामग्री कारोबार में विस्तार की रणनीति अपनाई है।

कंपनी की ताजा वार्षिक रिपोर्ट के मुताबिक, वित्त वर्ष 2025-26 में डिश टीवी का राजस्व सालाना आधार पर 25.84 प्रतिशत घटकर 1,162.61 करोड़ रुपये रह गया। इस दौरान कंपनी की कर-पूर्व-आय भी नकारात्मक रही। कंपनी के अनुसार, मनोरंजन के वैकल्पिक माध्यमों के तेजी से बढ़ने का असर उसके पारंपरिक कारोबार पर पड़ा है।

डिश टीवी के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) एवं कार्यकारी निदेशक मनोज डोभाल ने शेयरधारकों को संबोधित करते हुए कहा कि कंपनी के नए कारोबार क्षेत्रों में शुरुआती स्तर पर सकारात्मक संकेत दिखाई दे रहे हैं और उसे इन पहल के जरिये कारोबार में सुधार तथा वृद्धि की उम्मीद है।

डोभाल के अनुसार, कंपनी का स्मार्ट टीवी कारोबार वीजेडवाई 100 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार कर चुका है। इसके अलावा वॉचो ऐप और वेबसाइट में भी वृद्धि देखने को मिल रही है, जबकि मौजूदा डीटीएच ग्राहकों के बीच हाइब्रिड पैकेज को लेकर शुरुआती रुचि दिखाई दे रही है।

डिश टीवी पिछले साल सितंबर में वीजेडवाई ब्रांड के तहत स्मार्ट टीवी बाजार में उतरी थी। इन टीवी में डीटीएच और ओटीटी सेवाओं को एक साथ उपलब्ध कराया गया है।

कंपनी अपने ई-कॉमर्स मंच शॉपजॉप से भी कमीशन के रूप में राजस्व हासिल करने की उम्मीद कर रही है। वहीं, कंटेंट इंडिया के जरिये विशेष कंटेंट साझेदारी और प्रायोजन से भविष्य में अतिरिक्त आय जुटाने की योजना है। कंटेंट इंडिया को कंपनी ने सी21 मीडिया के साथ मिलकर शुरू किया है। यह मंच सामग्री निर्माताओं, खरीदारों और प्रौद्योगिकी कंपनियों के बीच सौदों में मदद करता है।

डोभाल ने कहा कि भारतीय होम एंटरटेनमेंट बाजार में तीन बड़े बदलाव हो रहे हैं। शहरी परिवार तेजी से ओटीटी मंच की ओर बढ़ रहे हैं, कीमत के प्रति संवेदनशील उपभोक्ता फ्री-टू-एयर सेवाओं को अपना रहे हैं और कनेक्टेड टीवी का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है। इन बदलावों का असर भारत ही नहीं, बल्कि दुनियाभर के डीटीएच परिचालकों पर पड़ रहा है और आने वाले वर्षों में भी यह रुझान जारी रहने की संभावना है।

कंपनी ने कहा कि वह इस बदलाव के बीच अपने पारंपरिक डीटीएच कारोबार को भी नए तरीके से तैयार कर रही है। इसके तहत चैनल पैकेज में विविधता लाई जा रही है, वॉचो पर मूल और क्षेत्रीय सामग्री को बढ़ाया जा रहा है तथा हाइब्रिड पैकेज में ओटीटी सेवाओं को जोड़ा जा रहा है।

डिश टीवी ने 2003 में भारत की पहली डीटीएच सेवा शुरू की थी और 2018 में वीडियोकॉन डीटीएच का विलय किया था। कंपनी 2023 में कर्जमुक्त हो गई थी। अब वह कारोबार के एक नए चरण में प्रवेश कर रही है, जिसमें उसका लक्ष्य पारंपरिक सेट-टॉप बॉक्स से आगे बढ़कर स्मार्ट स्क्रीन आधारित मनोरंजन व्यवस्था का नेतृत्व करना है।

भाषा अजय अजय

अजय


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