E20 Petrol Latest News : E20 पेट्रोल से गाड़ियों को है खतरा! मशहूर कार निर्माता कंपनी ने ग्राहक को दी चेतावनी, जानिए क्या है E20 पेट्रोल?
E 20 Petrol Latest News : E20 पेट्रोल से गाड़ियों को है खतरा! मशहूर कार निर्माता कंपनी ने ग्राहक को दी चेतावनी, जानिए क्या है E20 पेट्रोल?
Petrol Diesel Price 15 November 2025: पेट्रोल 2 रुपए सस्ता, आज आधी रात से लागू हो जाएंगे नए दाम / Image: File
- 20% एथेनॉल और 80% सामान्य पेट्रोल का मिश्रण है
- पेट्रोलियम मंत्रालय ने 100,000 किलोमीटर तक के टेस्ट के बाद दावा किया
- 2022 मॉडल की कारों में E20 पेट्रोल न डालने की सलाह
नई दिल्ली: E20 Petrol Latest News E20 पेट्रोल…बीते कुछ दिनों से इस प्रकार के ईंधन को लेकर सोशल मीडिया पर बवाल मचा हुआ है। कुछ लोगों का दावा है कि वाहनों में E20 पेट्रोल डलवाने से इंजन में दिक्कत आने लगती है और माइलेज भी कम हो जाता है। हालांकि केंद्रीय पेट्रोलियम और गैस मंत्रालय की ओर से स्पष्ट कहा गया है कि E20 पेट्रोल का इस्तेमाल करने वाहन में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं आई आएगी। लेकिन इस बीच फ्रांसीसी कार निर्माता ने मेल भेजकर अपने ग्राहकों को सावधान रहने की बात कही है।
E20 Petrol Latest News दरअसल सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर यूजर अंकुर ठाकुर नाम के एक शख्स ने रेनॉल्ट को एक मेल भेजकर पूछा कि क्या वह अपनी 2022 मॉडल की कार में E20 पेट्रोल इस्तेमाल कर सकता है, जिसपर कंपनी ने रिप्लाई दिया है वह चर्चाओं में आ गया है। यूजर ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और पेट्रोलियम मंत्रालय को टैग कर लिखा कि “मेरी 2022 की कार में E20 पेट्रोल न डालने की सलाह दी जा रही है। यह नई कार है, जिसे तीन साल में सिर्फ 13,000 किमी चलाया गया. अब मुझे क्या करना चाहिए?”
E20 पेट्रोल क्या है?
E20 पेट्रोल में 20% एथेनॉल और 80% सामान्य पेट्रोल होता है। सरकार पर्यावरण संरक्षण का हवाला इसको बढ़ावा दे रही है। हाल ही में हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) के बताया था कि उनके रेगुलर पेट्रोल में 20%, पावर95 में 15%, पावर99 में 11% और पावर100 में 4.5% एथेनॉल होता है। यह मिश्रण उत्सर्जन कम करने में मदद करता है।
क्या कहा पेट्रोलियम मंत्रालय ने
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने इस मुद्दे पर बयान जारी करके हाल ही में बताया था कि E20 फ्यूल से गाड़ियों को कोई नुकसान नहीं होता। मंत्रालय के मुताबिक, लंबे टेस्ट में 100,000 किलोमीटर तक गाड़ियों को E20 से चलाया गया और हर 10,000 किलोमीटर पर चेक किया गया। नतीजा ये निकला कि पावर, टॉर्क और माइलेज में कोई खास फर्क नहीं पड़ा। हालांकि, ये माना गया कि नए वाहनों में माइलेज 1-2% और पुरानी गाड़ियों में 3-6% तक कम हो सकता है, लेकिन ये ‘ड्रास्टिक’ नहीं है और इंजन ट्यूनिंग से इसे ठीक किया जा सकता है।
पुरानी गाड़ियों को लेकर चिंता जताई जा रही थी कि E20 से उनके इंजन और पार्ट्स खराब हो सकते हैं। लेकिन मंत्रालय ने साफ किया कि E20 में कॉरोजन इनहिबिटर्स (जंगरोधी तत्व) डाले गए हैं और BIS और ऑटोमोटिव इंडस्ट्री स्टैंडर्ड्स के तहत सेफ्टी सुनिश्चित की गई है। अगर पुरानी गाड़ियों में 20000 – 30000 किलोमीटर चलने के बाद रबर पार्ट्स या गास्केट्स बदलने पड़ें, तो ये रूटीन मेंटेनेंस का हिस्सा है और सस्ता भी है।
Renault advises against using E20 petrol in my 2022 car. What should I do now? This is a new car and we’ve done just 13000 kilometers in 3 years.@nitin_gadkari @PetroleumMin @HPCL @BPCLimited @ChairmanIOCL @IndianOilcl @volklub @kapsology pic.twitter.com/LJwcaa3oWW
— Ankur (@iAnkurThakur) August 25, 2025


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