भगोड़े आर्थिक अपराधियों से ब्रिक्स देशों को मजबूत सहयोग के बल पर निपटना होगा: डीओपीटी सचिव

भगोड़े आर्थिक अपराधियों से ब्रिक्स देशों को मजबूत सहयोग के बल पर निपटना होगा: डीओपीटी सचिव

भगोड़े आर्थिक अपराधियों से ब्रिक्स देशों को मजबूत सहयोग के बल पर निपटना होगा:  डीओपीटी सचिव
Modified Date: August 4, 2026 / 07:28 pm IST
Published Date: August 4, 2026 7:28 pm IST

हैदराबाद, चार अगस्त (भाषा) कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) की सचिव रचना शाह ने मंगलवार को कहा कि भगोड़े आर्थिक अपराधियों की चुनौती से निपटने के लिए ब्रिक्स देशों को मजबूत सहयोग की दिशा में काम करना होगा, ताकि अपराध से लाभ कमाने वालों के लिए कोई भी क्षेत्र सुरक्षित पनाहगाह न बन सके।

हैदराबाद में शुरू हुई दो दिवसीय दूसरी ब्रिक्स भ्रष्टाचार रोधक कार्य समूह (एसीडब्ल्यूजी) की बैठक को संबोधित करते हुए शाह ने भगोड़े अपराधियों का पता लगाने, उनके प्रत्यर्पण में सहयोग, अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों की बरामदगी और सीमा पार अपराधियों एवं अवैध धन के प्रवाह को रोकने के लिए व्यवस्थागत खामियों को दूर करने की जरूरत पर बल दिया।

उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार की चुनौती से कोई भी देश अछूता नहीं है। अवैध वित्तीय प्रवाह को रोकने, सार्वजनिक संसाधनों की सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार रोधक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सामूहिक, समन्वित तथा निरंतर वैश्विक सहयोग आवश्यक है।

शाह ने कहा कि दूसरी ब्रिक्स एसीडब्ल्यूजी बैठक ऐसे समय हो रही है, जब ईमानदारी, जवाबदेही, अंतरराष्ट्रीय सहयोग और नवाचार को मजबूत करना पहले से अधिक महत्वपूर्ण हो गया है।

उन्होंने कहा कि ब्रिक्स देशों को सीमा के उस पार भ्रष्टाचार से निपटने के साझा संकल्प को व्यावहारिक सहयोग और ठोस परिणामों में बदलना होगा।

उन्होंने भगोड़े अपराधियों से जुड़े मामलों में अंतरराष्ट्रीय सहयोग बढ़ाने के लिए ब्रिक्स देशों के कानून प्रवर्तन अधिकारियों के नेटवर्क पर हुई चर्चा का भी स्वागत किया और सदस्य देशों से ठोस परिणाम हासिल करने की दिशा में काम करने का आग्रह किया।

शाह ने कहा कि डिजिटल पहचान, इलेक्ट्रॉनिक सेवा वितरण, डिजिटल भुगतान और पारदर्शी खरीद प्रणाली से गड़बड़ियों को कम करने, विवेकाधिकार को सीमित करने तथा सार्वजनिक निगरानी को मजबूत करने में मदद मिल सकती है।

भाषा यासिर अजय

अजय


लेखक के बारे में