सेबी ने नवीनीकरण शुल्क न चुकाने पर 17 शोध विश्लेषकों के पंजीकरण रद्द किए
सेबी ने नवीनीकरण शुल्क न चुकाने पर 17 शोध विश्लेषकों के पंजीकरण रद्द किए
नयी दिल्ली, चार अगस्त (भाषा) भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) ने अनिवार्य नवीनीकरण शुल्क जमा न करने पर 17 शोध विश्लेषकों (आरए) के पंजीकरण रद्द कर दिए हैं।
सेबी ने मंगलवार को कहा कि संबंधित संस्थाओं ने बार-बार नोटिस दिए जाने के बावजूद अपने पंजीकरण का नवीनीकरण नहीं कराया था। इनका पंजीकरण निरस्त करने की कार्रवाई सेबी के मध्यस्थ विनियमन, 2008 के तहत की गई है।
जिन संस्थाओं के पंजीकरण रद्द किए गए हैं, उनमें कॉन्सेप्ट सिक्योरिटीज प्राइवेट लिमिटेड, ग्रोवैल्यू फाइनेंशियल सर्विसेज, गिनेस सिक्योरिटीज, ज्योति मोरे, एस बालाजी, ट्रेड डील फाइनेंशियल सर्विसेज, आई टिप्स एडवाइजरी और सैटको कैपिटल मार्केट्स लिमिटेड शामिल हैं।
सेबी के नियमों के मुताबिक, पंजीकृत शोध विश्लेषकों को हर पांच साल में अपना पंजीकरण वैध बनाए रखने के लिए नवीनीकरण शुल्क जमा करना होता है। लेकिन इन 17 संस्थाओं ने मई, 2017 से मार्च, 2024 के बीच देय शुल्क का भुगतान नहीं किया।
सेबी ने फरवरी, 2025 में इन संस्थाओं को कारण बताओ नोटिस जारी कर पूछा था कि उनके पंजीकरण को रद्द या निलंबित क्यों न किया जाए, लेकिन तय समय सीमा में किसी ने जवाब नहीं दिया। इसके बाद नियामक ने सभी 17 संस्थाओं के पंजीकरण रद्द करने का निर्णय लिया।
हालांकि, सेबी ने स्पष्ट किया कि पंजीकरण रद्द होने के बावजूद ये संस्थाएं शोध विश्लेषक के रूप में किए गए अपने कार्यों या चूक के लिए जिम्मेदार बनी रहेंगी।
भाषा प्रेम प्रेम अजय
अजय

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