गर्मी की मूंगफली फसल की आवक शुरू होने से मूंगफली तेल-तिलहन में गिरावट

गर्मी की मूंगफली फसल की आवक शुरू होने से मूंगफली तेल-तिलहन में गिरावट

गर्मी की मूंगफली फसल की आवक शुरू होने से मूंगफली तेल-तिलहन में गिरावट
Modified Date: May 14, 2026 / 09:45 pm IST
Published Date: May 14, 2026 9:45 pm IST

नयी दिल्ली, 14 मई (भाषा) गुजरात में मूंगफली की गर्मियों की फसल की आवक शुरू होने के बीच बृहस्पतिवार को देश के बाजारों में मूंगफली तेल-तिलहन के दाम में गिरावट देखी गई। दूसरी ओर सरसों तिलहन, सोयाबीन तेल, कच्चा पामतेल (सीपीओ) एवं पामोलीन तथा बिनौला तेल के दाम में सुधार रहा। सरसों तेल, सोयाबीन तिलहन के दाम स्थिर बने रहे।

शिकॉगो एक्सचेंज रात भी गिरावट के साथ बंद हुआ था और अब भी यहां गिरावट है। मलेशिया एक्सचेंज में भी गिरावट है।

बाजार सूत्रों के अनुसार, गुजरात में मूंगफली की गर्मियों की फसल आने की आहट है। उल्लेखनीय है कि मूंगफली के दाम पहले ही न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से नीचे है। अब गर्मियों की नयी फसल की जल्द आवक शुरू होने की संभावना के बीच मूंगफली पर दबाव और बढ़ गया है। पश्चिम एशिया में युद्ध की परिस्थिति में आयातित खाद्य तेलों के दाम बढ़ने की आशंका बनी हुई है। प्रधानमंत्री ने भी खाद्य तेलों की खपत कम रखने की अपील की है। ऐसे में आगे किसी विषम परिस्थिति का सामना करने के लिए जरूरी है कि मूंगफली, सोयाबीन और सरसों का स्टॉक बनाकर रखा जाये।

उन्होंने कहा कि आम तौर पर मूंगफली तेल का दाम सूरजमुखी तेल से अधिक रहा करता है लेकिन अभी की परिस्थिति में मूंगफली तेल के दाम सूरजमुखी से नीचे हो चले हैं।

सूत्रों ने कहा कि सरसों के तेल रहित खल (डी-आयल्ड केक या डीओसी) की स्थानीय के साथ-साथ निर्यात मांग होने के कारण सरसों तिलहन के दाम में सुधार आया। दूसरी ओर खल के दाम में सुधार रहने के बीच सरसों तेल के दाम स्थिर बने रहे।

उन्होंने कहा कि जिस तरह सोयाबीन तेल पहले लागत से अधिक नीचे दाम पर बेचा जा रहा था वह तेल अब कम नुकसान के साथ बिक रहा है जिस कारण सोयाबीन तेल में सुधार दिखाई दे रहा है। सुस्त कामकाज के बीच सोयाबीन तिलहन के दाम स्थिर रहे।

सूत्रों ने कहा कि मांग होने से जहां पाम-पामोलीन तेल में सुधार है वहीं कम उपलब्धता (300-400 कपास गांठ की आवक) के कारण बिनौला तेल में भी सुधार आया।

तेल-तिलहनों के भाव इस प्रकार रहे:

सरसों तिलहन – 7,100-7,125 रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली – 6,500-6,975 रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात) – 15,400 रुपये प्रति क्विंटल।

मूंगफली रिफाइंड तेल – 2,455-2,755 रुपये प्रति टिन।

सरसों तेल दादरी- 14,550 रुपये प्रति क्विंटल।

सरसों पक्की घानी- 2,430-2,530 रुपये प्रति टिन।

सरसों कच्ची घानी- 2,430-2,575 रुपये प्रति टिन।

सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 15,800 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 15,700 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 12,200 रुपये प्रति क्विंटल।

सीपीओ एक्स-कांडला- 13,850 रुपये प्रति क्विंटल।

बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 15,550 रुपये प्रति क्विंटल।

पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 15,650 रुपये प्रति क्विंटल।

पामोलिन एक्स- कांडला- 14,500 रुपये (बिना जीएसटी के) प्रति क्विंटल।

सोयाबीन दाना – 7,350-7,400 रुपये प्रति क्विंटल।

सोयाबीन लूज- 7,000-7,075 रुपये प्रति क्विंटल।

भाषा राजेश राजेश अजय

अजय


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