सरसों, बिनौला तेल तिलहन छोड़कर बाकी सभी तेल तिलहन में सुधार

सरसों, बिनौला तेल तिलहन छोड़कर बाकी सभी तेल तिलहन में सुधार

सरसों, बिनौला तेल तिलहन छोड़कर बाकी सभी तेल तिलहन में सुधार
Modified Date: November 29, 2022 / 08:54 pm IST
Published Date: January 21, 2021 2:53 pm IST

नयी दिल्ली, 21 जनवरी (भाषा) विदेशी बाजारों में तेजी के रुख के बीच दिल्ली तेल तिलहन बाजार में बृहस्पतिवार को बिनौला, सरसों छोड़कर बाकी सभी तेल तिलहन कीमतों में सुधार का रुख दिखाई दिया और भाव लाभ दर्शाते बंद हुए।

तेल उद्योग के जानकार सूत्रों के अनुसार शिकागो एक्सचेंज में कल रात 2.25 प्रतिशत और मलेशिया एक्सचेंज में दो प्रतिशत की तेजी रही जिससे स्थानीय बाजार में तेल तिलहन कीमतों पर अनुकूल असर हुआ और कीमतों में तेजी रही। सामान्य कारोबार के बीच सरसों तेल तिलहन और बिनौला तेल के भाव पूर्ववत बने रहे।

मलेशिया एक्सचेंज में तेजी के कारण सीपीओ और पामोलीन तेल कीमतों में भी सुधार का रुख रहा।

निर्यात मांग की वजह से मूंगफली तेल तिलहन कीमतों में भी सुधार आया।

बाजार सूत्रों ने कहा कि आगामी केन्द्रीय बजट में खाद्य तेलों के आयात शुल्क के बढ़ाये या घटाये जाने के संबंध में अफवाहें फैलाने वालों पर लगाम लगाना जरूरी है क्योंकि इससे तेल उद्योग, आयातकों, किसानों और उपभोक्ताओं को नुकसान होता है। उन्होंने कहा कि इन अफवाहों का एकमात्र मकसद आयातकों और तेल उद्योग को तबाह करना है और अफवाह फैलाने वालों की मंशा है कि देश तेल तिलहन में आयात पर निर्भर बना रहे। सूत्रों ने बताया कि ऐसे बड़े कारोबारियों के अर्नेन्टीना और मलेशिया में अपनी प्रसंस्करण कंपनियां मौजूद हैं।

उन्होंने कहा कि सीपीओ का हाजिर भाव 9,350 रुपये क्विन्टल है जबकि वायदा कारोबार में फरवरी अनुबंध का भाव 9,300 रुपये है। आयात का भाव मुनाफा लगाकर 9,950 रुपये क्विन्टल बैठता है। अफवाह फैलाये जाने से आयातकों को भारी नुकसान होता है।

सूत्रों ने कहा कि केन्द्रीय बजट में सरकार को सूरजमुखी का उत्पादन पहले की तरह बढ़ाने की ओर ध्यान देते हुए समुचित व्यवस्था करनी चाहिये। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र और कर्नाटक में सूरजमुखी दाना न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) से 15 प्रतिशत नीचे बिक रहा है जिस स्थिति पर लगाम लगाने के उपाय करने चाहिये। हल्के तेलों में सूरजमुखी तेल की वैश्विक मांग बढ़ी है।

बाजार में थोक भाव इस प्रकार रहे- (भाव- रुपये प्रति क्विंटल)

सरसों तिलहन – 6,075 – 6,125 (42 प्रतिशत कंडीशन का भाव) रुपये।

मूंगफली दाना – 5,490- 5,555 रुपये।

मूंगफली तेल मिल डिलिवरी (गुजरात)- 13,750 रुपये।

मूंगफली साल्वेंट रिफाइंड तेल 2,180 – 2,240 रुपये प्रति टिन।

सरसों तेल दादरी- 12,200 रुपये प्रति क्विंटल।

सरसों पक्की घानी- 1,860 -2,010 रुपये प्रति टिन।

सरसों कच्ची घानी- 1,990 – 2,105 रुपये प्रति टिन।

तिल तेल मिल डिलिवरी – 11,100 – 15,100 रुपये।

सोयाबीन तेल मिल डिलिवरी दिल्ली- 11,950 रुपये।

सोयाबीन मिल डिलिवरी इंदौर- 11,500 रुपये।

सोयाबीन तेल डीगम, कांडला- 10,550 रुपये।

सीपीओ एक्स-कांडला- 9,350 रुपये।

बिनौला मिल डिलिवरी (हरियाणा)- 10,000 रुपये।

पामोलिन आरबीडी, दिल्ली- 10,850 रुपये।

पामोलिन कांडला 10,000 (बिना जीएसटी के)

सोयाबीन तिलहन मिल डिलीवरी 4,600- 4,650 रुपये, लूज में 4,500- 4,560 रुपये

मक्का खल (सरिस्का) 3,525 रुपये

भाषा राजेश राजेश मनोहर

मनोहर


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