भारत, यूरीपीय संघ एफटीए के ‘बहुत करीब’: वाणिज्य सचिव
भारत, यूरीपीय संघ एफटीए के 'बहुत करीब': वाणिज्य सचिव
नयी दिल्ली, 15 जनवरी (भाषा) भारत और यूरोपीय संघ प्रस्तावित मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) पर बातचीत पूरी करने के ‘बहुत करीब’ हैं। कुछ बचे मुद्दों को सुलझाने के लिए बातचीत जारी है ताकि इस महीने के आखिर में शीर्ष नेतृत्व की यात्रा के समय समझौता, घोषणा के लिए तैयार तैयार हो सके। एक शीर्ष अधिकारी ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।
वाणिज्य सचिव, राजेश अग्रवाल ने कहा कि संवेदनशील कृषि से जुड़े मुद्दों को भारत-यूरोपीय संघ व्यापार समझौते के दायरे से बाहर रखा गया है।
उन्होंने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि हम अब बहुत करीब हैं। हमने 24 में से 20 अध्याय पूरी तरह से बंद कर दिए हैं। कुछ मुद्दे ऐसे हैं जिन पर बातचीत चल रही है। हम डिजिटल रूप से जुड़े हुए हैं और हम यह कोशिश कर रहे हैं कि हमारे नेताओं की बैठक से पहले इस काम को कैसा पूरा किया जा सकता है।’’
जिन मुद्दों को सुलझाने की जरूरत है उनमें यूरोपीय संघ का कार्बन कर भी शामिल है।
यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष, उर्सुला वॉन डेर लेयेन और यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष, एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा और 25-27 जनवरी तक भारत की सरकारी यात्रा पर रहेंगे। वे 77वें गणतंत्र दिवस में मुख्य अतिथि हैं।
इस यात्रा के समय, यह नेतृत्व 27 जनवरी को 16वें इंडिया-यूरोपीय संघ सम्मेलन की सह-अध्यक्षता भी करेंगे।
सम्मेलन के दौरान समझौते के लिए बातचीत खत्म होने की घोषणा की जा सकती है और इस पर दस्तखत बाद में तय तारीख पर हो सकती है।
अग्रवाल ने कहा, ‘‘यह (बातचीत खत्म होने की घोषणा करने का) एक अच्छा मौका होगा। हम इस दिशा में प्रयास कर रहे हैं।’’
बातचीत को गति देने के लिए, वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री, पीयूष गोयल 8-9 जनवरी को यूरोपीय संघ व्यापार आयुक्त, मारोस सेफ्कोविक के साथ बैठक के लिए ब्रसेल्स गए थे।
वित्तवर्ष 2024-25 में यूरोपीय संघ के साथ भारत का द्विपक्षीय व्यापार 136.53 अरब डॉलर था (75.85 अरब डॉलर का निर्यात और 60.68 अरब अरब डॉलर का आयात), जिससे यह सामानों का सबसे बड़ा व्यापार साझेदार बन गया।
यूरोपीय संघ बाजार का भारत के कुल निर्यात में लगभग 17 प्रतिशत हिस्सा है। वहीं भारत को यूरोपीय संघ का निर्यात उसके कुल विदेशी निर्यात का नौ प्रतिशत है।
भाषा राजेश राजेश रमण
रमण

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