शुद्ध रूप से प्रत्यक्ष कर संग्रह अबतक 15 प्रतिशत बढ़कर 17.78 लाख करोड़ रुपये पर

शुद्ध रूप से प्रत्यक्ष कर संग्रह अबतक 15 प्रतिशत बढ़कर 17.78 लाख करोड़ रुपये पर

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  • Publish Date - February 11, 2025 / 08:37 PM IST,
    Updated On - February 11, 2025 / 08:37 PM IST

नयी दिल्ली, 11 फरवरी (भाषा) शुद्ध प्रत्यक्ष कर संग्रह चालू वित्त वर्ष में अबतक 14.69 प्रतिशत बढ़कर 17.78 लाख करोड़ रुपये रहा है।

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) के आंकड़ों के अनुसार, शुद्ध रूप से गैर-कंपनी कर संग्रह सालाना आधार पर 21 प्रतिशत बढ़कर लगभग 9.48 लाख करोड़ रुपये हो गया। गैर-कंपनी करों में मुख्य रूप से व्यक्तिगत आयकर शामिल है।

एक अप्रैल, 2024 से 10 फरवरी, 2025 के बीच शुद्ध रूप से कंपनी कर संग्रह छह प्रतिशत से अधिक बढ़कर 7.78 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया।

प्रतिभूति लेनदेन कर (एसटीटी) से शुद्ध संग्रह चालू वित्त वर्ष में अबतक 65 प्रतिशत बढ़कर 49,201 करोड़ रुपये हो गया है।

इस अवधि के दौरान 4.10 लाख करोड़ रुपये से अधिक के ‘रिफंड’ जारी किए गए। यह एक साल पहले की समान अवधि की तुलना में 42.63 प्रतिशत अधिक है।

सकल प्रत्यक्ष कर संग्रह 10 फरवरी तक 19.06 प्रतिशत बढ़कर 21.88 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया।

सरकार ने चालू वित्त वर्ष के लिए संशोधित अनुमान में आयकर संग्रह 12.57 लाख करोड़ रुपये रहने का अनुमान लगाया है, जो बजट अनुमान 11.87 लाख करोड़ रुपये से अधिक है।

संशोधित अनुमान में मौजूदा वित्त वर्ष में प्रतिभूति सौदा कर संग्रह 55,000 करोड़ रुपये आंका गया है, जो 37,000 करोड़ रुपये के बजट अनुमान से अधिक है।

कंपनी कर संग्रह लक्ष्य को संशोधित कर 9.80 लाख करोड़ रुपये कर दिया गया, जो बजट लक्ष्य 10.20 लाख करोड़ रुपये से कम है।

कुल मिलाकर, संशोधित अनुमान में प्रत्यक्ष कर संग्रह 22.37 लाख करोड़ रुपये रहने की संभावना है जो बजट अनुमान 22.07 लाख करोड़ रुपये से अधिक है।

भाषा रमण अजय

अजय