पेट्रोल की बिक्री अगस्त में बढ़ी, डीजल की मांग सुस्त

पेट्रोल की बिक्री अगस्त में बढ़ी, डीजल की मांग सुस्त

पेट्रोल की बिक्री अगस्त में बढ़ी, डीजल की मांग सुस्त
Modified Date: November 29, 2022 / 08:19 pm IST
Published Date: September 1, 2022 3:07 pm IST

नयी दिल्ली, एक सितंबर (भाषा) देश में पेट्रोल की बिक्री अगस्त में बढ़ी है, लेकिन डीजल की मांग में गिरावट जारी है। इसका कारण देश के कई भागों में बारिश से कुछ क्षेत्रों में मांग का प्रभावित होना है।

उद्योग के शुरुआती आंकड़ों के अनुसार, पेट्रोल की बिक्री अगस्त महीने में 5.8 प्रतिशत बढ़कर 28.1 लाख टन रही जबकि जुलाई में यह पांच प्रतिशत घटकर 26.6 लाख टन रही थी।

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आंकड़ों के अनुसार, पेट्रोल की खपत अगस्त, 2021 के मुकाबले करीब 16 प्रतिशत और अगस्त, 2020 के मुकाबले 31.7 प्रतिशत अधिक है। अगस्त, 2020 में पेट्रोल की खपत 21.4 लाख टन थी। यह महामारी-पूर्व यानी अगस्त, 2019 के 23.3 लाख टन के मुकाबले 20.6 प्रतिशत अधिक है।

सबसे ज्यादा उपयोग होने वाला ईंधन डीजल की खपत आलोच्य महीने में 4.9 प्रतिशत घटकर 61.1 लाख टन रही, जो जुलाई में 64.2 लाख टन थी।

मानसूनी बारिश के कारण डीजल की मांग पर असर पड़ा है। वैसे परंपरागत रूप से अप्रैल-जून के मुकाबले जुलाई-सितंबर में खपत कम होती है। बारिश से आवाजाही के साथ कृषि क्षेत्र में भी मांग कम होती है।

डीजल की मांग में जुलाई में 13.1 प्रतिशत की कमी आई थी।

आंकड़ों के अनुसार, हालांकि अगस्त में डीजल की खपत सालाना आधार पर 23.5 प्रतिशत अधिक है। वहीं अगस्त, 2020 के 42.6 लाख टन के मुकाबले यह 43.4 प्रतिशत अधिक है। जबकि कोविड-पूर्व यानी अगस्त, 2019 के 54.8 लाख टन से यह 11.6 प्रतिशत अधिक है।

इससे पहले, जून महीने में डीजल की खपत बढ़ी थी।

विमानन क्षेत्र में आवाजाही बढ़ने के साथ विमान ईंधन की मांग अगस्त महीने में पिछले माह के मुकाबले दोगुना से अधिक होकर 5,41,000 टन रही। यह पिछले साल के इसी महीने के मुकाबले 51.4 प्रतिशत और अगस्त, 2020 के मुकाबले 118.9 प्रतिशत अधिक है। हालांकि, यह कोविड-पूर्व स्तर अगस्त, 2019 की तुलना में 14.3 प्रतिशत कम है।

आंकड़ों के अनुसार, रसोई गैस एलपीजी की बिक्री अगस्त में सालाना आधार पर पांच प्रतिशत बढ़कर 24.4 लाख टन रही। यह अगस्त, 2020 के मुकाबले सात प्रतिशत और अगस्त, 2019 की तुलना में 2.5 प्रतिशत अधिक है।

मासिक आधार पर एलपीजी की मांग एक प्रतिशत कम रही। इस साल जुलाई में इस ईंधन की मांग 24.6 लाख टन रही थी।

भाषा

रमण अजय

अजय


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