मुंबई, एक अप्रैल (भाषा) भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने बुधवार को कहा कि मार्च 2026 में उसने अपने नागरिक घोषणा पत्र के तहत निर्धारित समय सीमा के भीतर 99.9 प्रतिशत आवेदनों का निपटान किया है।
केंद्रीय बैंक ने बताया कि उसने मार्च में लंबित मामलों और नई प्राप्तियों सहित कुल 24,911 आवेदनों का निपटारा किया। यह संख्या उन आवेदनों को हटाने के बाद है जिन्हें अतिरिक्त जानकारी के लिए आवेदकों को वापस भेज दिया गया था।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार मार्च की शुरुआत में 3,195 आवेदन लंबित थे, जबकि समीक्षाधीन महीने में 22,243 नए आवेदन मिले। अतिरिक्त विवरण के लिए कुल 527 मामले आवेदकों को वापस भेजे गए, जिससे प्रसंस्करण के लिए आवेदनों की कुल संख्या 24,911 हो गई।
आरबीआई के अनुसार इनमें से 21,459 आवेदनों को मार्च के दौरान प्रसंस्कृत किया गया। कुल 21,428 मामलों यानी 99.9 प्रतिशत का निपटारा निर्धारित समय सीमा के भीतर किया गया, जबकि केवल 31 मामले (0.1 प्रतिशत) समय सीमा के बाद पूरे हुए।
समीक्षाधीन महीने के अंत में 3,452 आवेदन लंबित रहे, जिनमें से 3,435 मामले (99.5 प्रतिशत) अभी भी निर्धारित समय सीमा के भीतर थे और 17 मामले (0.5 प्रतिशत) समय सीमा से बाहर थे।
आरबीआई ने कहा कि देरी वाले मामलों में से 14 के लिए बाहरी एजेंसियों से सूचनाओं का इंतजार है और तीन प्रक्रियाधीन हैं।
भाषा पाण्डेय रमण
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