खुदरा मुद्रास्फीति दिसंबर में बढ़कर 1.33 प्रतिशत पर: सरकारी आंकड़ा

खुदरा मुद्रास्फीति दिसंबर में बढ़कर 1.33 प्रतिशत पर: सरकारी आंकड़ा

खुदरा मुद्रास्फीति दिसंबर में बढ़कर 1.33 प्रतिशत पर: सरकारी आंकड़ा
Modified Date: January 12, 2026 / 04:36 pm IST
Published Date: January 12, 2026 4:36 pm IST

नयी दिल्ली, 12 जनवरी (भाषा) सब्जी, अंडा और दाल समेत रसोई की आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में वृद्धि के कारण बीते महीने दिसंबर में खुदरा मुद्रास्फीति बढ़कर तीन महीने के उच्च स्तर 1.33 प्रतिशत पर पहुंच गई।

नवंबर में मुद्रास्फीति 0.71 प्रतिशत थी। इससे पहले पिछला उच्च स्तर सितंबर में 1.44 प्रतिशत दर्ज किया गया था।

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उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) पर आधारित खाद्य मुद्रास्फीति में लगातार सातवें महीने गिरावट रही और यह शून्य से 2.71 प्रतिशत रही। हालांकि इसमें नवंबर के मुकाबले वृद्धि हुई है। नवंबर में यह शून्य से नीचे 3.91 प्रतिशत थी।

राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) ने उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के आंकड़े जारी करते हुए कहा, ”दिसंबर 2025 के दौरान प्रमुख मुद्रास्फीति और खाद्य मुद्रास्फीति में वृद्धि मुख्य रूप से व्यक्तिगत देखभाल और प्रभाव, सब्जियों, मांस और मछली, अंडे, मसालों तथा दालों एवं उनके उत्पादों की मुद्रास्फीति में वृद्धि के कारण हुई है।”

दिसंबर में खुदरा मुद्रास्फीति लगातार चौथे महीने भारतीय रिजर्व बैंक की निचली संतोषजनक सीमा से नीचे रही।

सरकार ने केंद्रीय बैंक को यह जिम्मेदारी दी हुई है कि मुद्रास्फीति दो प्रतिशत की घट-बढ़ के साथ चार प्रतिशत पर बनी रहे।

भाषा पाण्डेय रमण

रमण


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