रुपया 117 पैसे की छलांग के साथ 90.32 प्रति डॉलर पर
रुपया 117 पैसे की छलांग के साथ 90.32 प्रति डॉलर पर
मुंबई, तीन फरवरी (भाषा) भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते पर सहमति बनने के बाद भारतीय रुपया मंगलवार को सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाली एशियाई मुद्रा के रूप में उभरा, जिसने एक कारोबारी सत्र में 117 पैसे या 1.28 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की। अंत में रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 90.32 पर बंद हुआ।
विदेशी मुद्रा कारोबारियों ने कहा कि भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौता होने के बाद भारतीय रुपया ढाई सप्ताह के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया और इसमें लगभग 1.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई।
घरेलू शेयर बाजार में भी लगभग 2.75 प्रतिशत की वृद्धि हुई। इसके अलावा, कच्चे तेल की कीमतों में कमजोरी और अपेक्षित विदेशी प्रवाह ने भी निवेशकों की धारणा को बढ़ावा दिया।
भारत और अमेरिका एक व्यापार समझौते पर सहमत हुए हैं। इसके तहत अमेरिका भारतीय वस्तुओं पर जवाबी शुल्क को घटाकर 18 प्रतिशत कर देगा, जो चीन, बांग्लादेश और वियतनाम जैसे देशों की तुलना में कम है।
अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 90.30 पर खुला। कारोबार के दौरान यह 90.05 (उच्चतम) और 90.52 (न्यूनतम) के दायरे में घूमने के बाद अंत में 117 पैसे की तेजी के साथ 90.32 प्रति डॉलर पर बंद हुआ।
सोमवार को रुपया 44 पैसे बढ़कर 91.49 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौता एक बड़ा निर्णय है जिससे देश में सभी को लाभ होगा।
विदेशी मुद्रा व्यापारियों ने कहा कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौता विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) की भागीदारी के रास्ते को फिर से खोल देगा और अगर 2026 कैलेंडर वर्ष में पूंजी प्रवाह लौटा, तो यह रुपये पर कुछ दबाव कम करेगा।
गोल्डमैन सैक्स ने में कहा, ‘‘भारत के अमेरिकी निर्यात पर जवाबी शुल्क अब घटा दिए जाने के बाद, हम अनुमान लगाते हैं कि चालू खाते का घाटा कैलेंडर साल 2026 में जीडीपी का लगभग 0.25 प्रतिशत कम होकर 0.8 प्रतिशत रह जाएगा। इसके अलावा, यदि 2026 में पूंजी प्रवाह भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के चलते लौटता हैं, तो यह रुपये पर दबाव कम करेगा और हमारे मौजूदा 12 महीने के डॉलर-रुपया पूर्वानुमान 94 पर नीचे की ओर जोखिम पैदा कर सकता है।’’
हालांकि, कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि भारतीय रुपये के लिए चीजें पूरी तरह से सुचारू नहीं हो सकती हैं।
इस बीच, दुनिया की छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले अमेरिकी डॉलर की स्थिति को दर्शाने वाला डॉलर सूचकांक 0.05 प्रतिशत कम होकर 97.57 पर कारोबार कर रहा था।
अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड वायदा कारोबार में 0.14 प्रतिशत की गिरावट के साथ 66.18 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था।
घरेलू शेयर बाजार के मोर्चे पर सेंसेक्स 2,072.67 अंक चढ़कर 83,739.13 अंक पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 639.15 अंक बढ़कर 25,727.55 अंक पर पहुंच गया।
शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशक बिकवाली के रुख से पलटकर लिवाली की। उन्होंने मंगलवार को 5,236.28 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे।
भाषा राजेश राजेश अजय
अजय

Facebook


