अनुकूल नीतियों के चलते पसंदीदा निवेश गंतव्य बनकर उभरा उत्तर प्रदेश: पीयूष गोयल

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अनुकूल नीतियों के चलते पसंदीदा निवेश गंतव्य बनकर उभरा उत्तर प्रदेश: पीयूष गोयल

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  • Publish Date - September 27, 2026 / 03:18 PM IST,
    Updated On - September 27, 2026 / 03:18 PM IST

नयी दिल्ली, 27 सितंबर (भाषा) वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने रविवार को कहा कि अनुकूल औद्योगिक नीतियों और बड़ी कंपनियों को आकर्षित करने की अपनी क्षमता के चलते उत्तर प्रदेश एक पसंदीदा निवेश गंतव्य के रूप में उभरा है।

ग्रेटर नोएडा में आयोजित ‘यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो’ को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य के राजस्व संग्रह में हुई उल्लेखनीय वृद्धि ने प्रदेश के विकास को गति देने में अहम भूमिका निभाई है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इस समय राज्य का सालाना निर्यात लगभग दो लाख करोड़ रुपये है और इसे 2030 तक बढ़ाकर पांच लाख करोड़ रुपये करने का लक्ष्य रखा गया है।

गोयल ने कहा, ‘‘अपनी अनुकूल औद्योगिक नीतियों के कारण उत्तर प्रदेश एक पसंदीदा निवेश गंतव्य बन चुका है।’’

उन्होंने आगे कहा कि विभिन्न क्षेत्रों में प्रमुख कॉरपोरेट घराने और वैश्विक निवेशक आ रहे हैं, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा हो रहे हैं।

उन्होंने बताया कि राज्य का आबकारी शुल्क संग्रह 2016-17 के 14,273 करोड़ रुपये के मुकाबले चार गुना से अधिक होकर 2025-26 में 60,728 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है। चालू वित्त वर्ष के अंत तक इसके 70,000 करोड़ रुपये तक पहुंचने की उम्मीद है।

दूसरी ओर स्टाम्प शुल्क संग्रह सहित भूमि हस्तांतरण पंजीकरण शुल्क 2016-17 के 11,564 करोड़ रुपये से बढ़कर 2026-27 के बजट में 43,802 करोड़ रुपये हो गया है।

गोयल ने कहा कि खनन राजस्व संग्रह में भी इसी प्रकार की भारी वृद्धि दर्ज की गई है और इस पूरे राजस्व का इस्तेमाल राज्य की आर्थिक वृद्धि के लिए किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के विकास का अगला पड़ाव वैश्विक बाजारों में निर्यात बढ़ाना, अंतरराष्ट्रीय निवेश आकर्षित करना, पर्यटन को सुदृढ़ बनाना और राज्य के स्थानीय ब्रांड को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना है।

भाषा पाण्डेय अजय

अजय