Night Camping in Chhattisgarh: नाइट कैंपिंग के लिए छत्तीसगढ़ की बेस्ट जगह, पक्षियों की चहचहाहट के बीच ले सकेंगे जिपलाइन का मजा, जानिए कहां ये स्पॉट

Night Camping in Chhattisgarh: नाइट कैंपिंग के लिए छत्तीसगढ़ की बेस्ट जगह, पक्षियों की चहचहाहट के बीच ले सकेंगे जिपलाइन का मजा, जानिए कहां ये स्पॉट

Night Camping in Chhattisgarh: नाइट कैंपिंग के लिए छत्तीसगढ़ की बेस्ट जगह, पक्षियों की चहचहाहट के बीच ले सकेंगे जिपलाइन का मजा, जानिए कहां ये स्पॉट

Night Camping in Chhattisgarh: नाइट कैंपिंग के लिए छत्तीसगढ़ की बेस्ट जगह, पक्षियों की चहचहाहट के बीच ले सकेंगे जिपलाइन का मजा, जानिए कहां ये स्पॉट / Image: CG DPR

Modified Date: January 15, 2026 / 10:43 am IST
Published Date: January 15, 2026 10:43 am IST
HIGHLIGHTS
  • 'अतुल्य दंतेवाड़ा' अभियान के तहत होमस्टे
  • घाटियों के ऊपर से गुजरने का एक यादगार अनुभव
  • तारों की छाँव में टेंट में ठहरने की सुविधा

दंतेवाड़ा: Night Camping in Chhattisgarh  छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा जिले में बारसूर और मुचनार क्षेत्र तेजी से रोमांचक एडवेंचर, प्राकृतिक सौंदर्य और आध्यात्मिक पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनते जा रहे हैं। ‘अतुल्य दंतेवाड़ा‘ अभियान के तहत विकसित ये स्थल पर्यटकों को जिपलाइन, नाइट कैंपिंग जैसे अनुभव प्रदान कर रहे हैं। सुरक्षित और सुगम सुविधाओं ने इन्हें बस्तर की सांस्कृतिक विरासत के साथ जोड़कर एक आदर्श पर्यटन गंतव्य बना दिया है।

नाइट कैंपिंग का रोमांच

Night Camping in Chhattisgarh  बारसूर-मुचनार में जिले की सबसे लंबी जिपलाइन पर्यटकों के बीच सबसे बड़ा आकर्षण बन चुकी है। ऊंचाई से जंगल और घाटियों के बीच सरकते हुए मिलने वाला यह रोमांच साहसिक पर्यटन को नई ऊंचाई दे रहा है। पर्यटक बताते हैं कि हवा की तेज रफ्तार और हरियाली का नजारा उन्हें अविस्मरणीय क्षण प्रदान करता है। इसके अलावा, नाइट कैंपिंग की सुविधा रात के जंगल को जीवंत बना रही है। तारों भरी आकाशमंडल के नीचे टेंट में ठहरना, जंगल की शीतल हवाओं और पक्षियों की चहचहाहट का आनंद लेना पर्यटकों को प्रकृति के करीब ला रहा है। प्रशासन ने सुरक्षा के पूर्ण इंतजाम किए हैं, जिसमें प्रशिक्षित गाइड और आपातकालीन सेवाएं शामिल हैं।

प्राचीन मंदिर और सातधार नदी

बारसूर अपने 10वीं-11वीं शताब्दी के भव्य मंदिरों के लिए जाना जाता है, जहां नागर शैली के ये स्थापित धरोहरें इतिहास और आध्यात्मिकता का अनुपम संगम प्रस्तुत करती हैं। भगवान शिव, विष्णु और गणेश के ये मंदिर बस्तर की समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत करते हैं। धार्मिक पर्यटक यहां पूजा-अर्चना के साथ इतिहास से रूबरू हो रहे हैं। वहीं, सातधार नदी का कल-कल बहता जल और चारों ओर फैली हरियाली पर्यटकों का मन मोह रही है। नदी किनारे पिकनिक, फोटोग्राफी और ध्यान के लिए उपयुक्त यह स्थान शांति की तलाश में आने वालों के लिए वरदान साबित हो रहा है। हाल के दिनों में सैलानियों की संख्या में वृद्धि दर्ज की गई है।

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दंतेवाड़ा में पर्यटन को नई दिशा

दंतेवाड़ा जिला प्रशासन ‘अतुल्य दंतेवाड़ा‘ के तहत सड़क, पार्किंग, शौचालय और होमस्टे जैसी सुविधाओं का विस्तार कर रहा है। यह अभियान स्थानीय रोजगार सृजन और आर्थिक विकास को बढ़ावा देगा। सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए पुलिस और वन विभाग का सहयोग लिया जा रहा है। आने वाले समय में ट्रेकिंग और बोटिंग जैसी नई गतिविधियां जोड़ी जाएंगी। बारसूर-मुचनार न केवल रोमांच और शांति चाहने वालों के लिए बल्कि बस्तर की सांस्कृतिक यात्रा के इच्छुक पर्यटकों के लिए भी आदर्श बन रहा है। यह क्षेत्र छत्तीसगढ़ के पर्यटन को नई पहचान दे रहा है।

रायपुर से बारसूर कैसे पहुंचे

  • सड़क मार्ग (Self Drive/Taxi): सबसे लोकप्रिय रास्ता NH 30 (रायपुर-जगदलपुर हाईवे) है। आप रायपुर से धमतरी, कांकेर, केशकाल और कोंडागांव होते हुए पहले जगदलपुर या गीदम पहुंच सकते हैं।

  • गीदम से बारसूर की दूरी करीब 25-30 किलोमीटर है।

  • बस द्वारा: रायपुर के अंतर्राज्यीय बस टर्मिनल (भाटागांव) से जगदलपुर या दंतेवाड़ा के लिए नियमित बसें उपलब्ध हैं। आप गीदम में उतरकर स्थानीय परिवहन (ऑटो या शेयरिंग टैक्सी) से बारसूर पहुंच सकते हैं।

बारसूर में क्या देखें?

  1. बत्तीसा मंदिर: 32 खंभों वाला प्राचीन शिव मंदिर।

  2. मामा-भांजा मंदिर: अपनी खास वास्तुकला के लिए प्रसिद्ध।

  3. चंद्रादित्येश्वर मंदिर: प्राचीन नक्काशीदार मंदिर।

  4. विशाल गणेश प्रतिमा: बालू पत्थर से बनी जुड़वां गणेश मूर्तियाँ।

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सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः

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"दीपक दिल्लीवार, एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 10 साल का एक्सपीरिएंस है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक ऑनलाइन समाचार वेबसाइट से की थी, जहां उन्होंने राजनीति, खेल, ऑटो, मनोरंजन टेक और बिजनेस समेत कई सेक्शन में काम किया। इन्हें राजनीति, खेल, मनोरंजगन, टेक्नोलॉजी, ऑटोमोबाइल और बिजनेस से जुड़ी काफी न्यूज लिखना, पढ़ना काफी पसंद है। इन्होंने इन सभी सेक्शन को बड़े पैमाने पर कवर किया है और पाठकों लिए बेहद शानदार रिपोर्ट पेश की है। दीपक दिल्लीवार, पिछले 5 साल से IBC24 न्यूज पोर्टल पर लीडर के तौर पर काम कर रहे हैं। इन्हें अपनी डेडिकेशन और अलर्टनेस के लिए जाना जाता है। इसी की वजह से वो पाठकों के लिए विश्वसनीय जानकारी के सोर्स बने हुए हैं। वो, निष्पक्ष, एनालिसिस बेस्ड और मजेदार समीक्षा देते हैं, जिससे इनकी फॉलोवर की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। काम के इतर बात करें, तो दीपक दिल्लीवार को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है। वो हेल्दी वर्क लाइफ बैलेंस करने में यकीन रखते हैं।"