Chhattisgarh BJP Ninda Prastav: विधान सभाओं में ही नहीं, अब निकाय-जिला पंचायतों में भी कांग्रेस के खिलाफ आएगा निंदा प्रस्ताव.. महिला आरक्षण पर जारी है रार

Ads

Chhattisgarh BJP Censure Motion Against Congress: महिला आरक्षण बिल पर भाजपा का कांग्रेस के खिलाफ निंदा प्रस्ताव, विधानसभा से लेकर पंचायत तक रणनीति तैयार

  •  
  • Publish Date - April 23, 2026 / 09:27 PM IST,
    Updated On - April 23, 2026 / 09:27 PM IST

Chhattisgarh BJP Censure Motion Against Congress || Image- IBC24 News File

HIGHLIGHTS
  • भाजपा कांग्रेस के खिलाफ निंदा प्रस्ताव लाने की तैयारी में
  • विधानसभा के साथ निकाय और पंचायतों में भी प्रस्ताव
  • महिला आरक्षण बिल पर सियासी घमासान तेज

रायपुर: महिला आरक्षण बिल के पास नहीं होने के बाद से सत्ताधारी भाजपा ने कांग्रेस और दूसरे विपक्षी दलों के खिलाफ सड़क से लेकर सदन तक मोर्चा खोल दिया है। (Chhattisgarh BJP Censure Motion Against Congress) केंद्र के निर्देश पर सभी भाजपा शासित राज्यों के विधान सभाओं में एक दिन का विशेष सत्र आयोजित करते हुए इस मुद्दे पर कांग्रेस के खिलाफ निंदा प्रस्ताव लाये जाने का फैसला लिया गया है।

इन राज्यों में होगा विस का एकदिनी विशेष सत्र

मध्य प्रदेश विधानसभा में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर चर्चा के लिए 27 अप्रैल को एक दिन का विशेष सत्र बुलाया जाएगा। इसके लिए राज्य शासन की तरफ से अधिसूचना जारी कर दी गई है। इसी तरह का स्पेशल सेशन छत्तीसगढ़ विधानसभा में इसी महीने की 30 तारीख को आयोजित किया जाएगा। बात करें उत्तर प्रदेश की तो यहां भी योगी सरकार ने 30 अप्रैल को विधानमंडल का विशेष सत्र बुलाया है।

निकाय/पंचायतों में प्रस्ताव लाने की तैयारी

अब नए फैसले के मुताबिक़ छत्तीसगढ़ भाजपा ने नगरीय निकायों और जिला पंचायतों में भी कांग्रेस को घेरने की रणनीति तैयारी कर ली है। (Chhattisgarh BJP Censure Motion Against Congress) बताया जा रहा है कि, भाजपा जिन निगम पालिकाओं और जिला पंचायतों में बहुमत में है वह भी नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर कांग्रेस के खिलाफ प्रस्ताव लाया जाएगा।

नारी शक्ति बिल नहीं हुआ पास

गौरतलब है कि, तमाम कोशिशों के बावजूद पिछले दिनों नारी शक्ति वंदन अधिनियम (131वां संविधान संशोधन विधेयक) लोकसभा में पास नहीं हो सका। मत विभाजन में इसे आवश्यक दो-तिहाई बहुमत नहीं मिल पाया। 131वें संविधान संशोधन विधेयक के पक्ष में 298 वोट पड़े जबकि कानून के खिलाफ 230 वोट पड़े। इस तरह सरकार इसे पास कराने के लिए जरूरी बहुमत जुटाने में विफल रही।

नारी शक्ति अधिनियम बिल के सदन में गिरने पर पीएम मोदी ने विपक्ष पर निशाना साधा था और इसे नारी शक्ति के लिए एक नुकसान बताया था। इसके बाद देशभर में कांग्रेस और बिला के खिलाफ वोट देने वाले दलों के खिलाफ भाजपा ने जोरदार प्रदर्शन किया था। (Chhattisgarh BJP Censure Motion Against Congress) पार्टी का आरोप है कि, कांग्रेस और समाजवादी पार्टी महिला विरोधी है और इसी विरोध में उन्होंने अहम बिल के खिलाफ मतदान किया।

इन्हें भी पढ़ें:-

फिलीपीन के पूर्व राष्ट्रपति दुतेर्ते पर मानवता के विरुद्ध अपराधों के आरोप में मुकदमा चलाया जाएगा

भारत में अरबपतियों की संख्या 2031 तक 51 प्रतिशत बढ़कर 313 होने का अनुमान: नाइट फ्रैंक

तुर्किये में 15 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर रोक संबंधी विधेयक पारित

पाकिस्तानी मंत्री और अमेरिकी उप राजदूत ने अमेरिका-ईरान वार्ता के दूसरे दौर के प्रयासों पर चर्चा की

‘गवर्नर: द साइलेंट सेवियर’ का पहला पोस्टर मनोज बाजपेयी के जन्मदिन पर रिलीज

Q1. भाजपा निंदा प्रस्ताव क्यों ला रही है?

महिला आरक्षण बिल पास न होने पर भाजपा कांग्रेस के खिलाफ निंदा प्रस्ताव ला रही है।

Q2. यह प्रस्ताव कहां-कहां लाया जाएगा?

विधानसभाओं के साथ निकायों और जिला पंचायतों में भी प्रस्ताव लाने की तैयारी है।

Q3. महिला आरक्षण बिल पास क्यों नहीं हुआ?

लोकसभा में बिल को आवश्यक दो-तिहाई बहुमत नहीं मिल पाया, इसलिए गिर गया।