EOW Raid: रिटायर्ड SDO के साथ फंसी बीजेपी विधायक की गर्दन, मिले बेनामी संपत्ति के दस्तावेज

Ads

EOW Raid: रिटायर्ड SDO के साथ फंसी बीजेपी विधायक की गर्दन, मिले बेनामी संपत्ति के दस्तावेज

  •  
  • Publish Date - June 26, 2019 / 06:01 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 08:10 PM IST

जबलपुर: आय से अधिक संपत्ति मामले में, पीएचई विभाग के रिटायर्ड अधिकारी सुरेश उपाध्याय पर ईओडब्लू कार्रवाई की आंच पूर्व विधानसभा अध्यक्ष ईश्वरदास रोहाणी के बेटे और जबलपुर कैंट सीट से भारतीय जनता पार्टी के विधायक अशोक रोहाणी तक पहुंच सकती है। दरअसल ईओडब्लू की अब तक की कार्रवाई में सुरेश उपाध्याय के नाम करोड़ों रुपयों की संपत्ति उजागर हो चुकी है और इसी बीच कांग्रेस ने कुछ ऐसे दस्तावेज पेश किए हैं जिससे भाजपा की मुश्किलें बढ़ गई हैं।

Read More: IIT मुंबई-खड़गपुर के ब्रांड एम्बेसेडर हर्षित अग्रवाल पर रोम में एसिड अटैक, विदेश मंत्री और पूर्व विदेश मंत्री को दी जानकारी

जबलपुर में कैंट बोर्ड के उपाध्यक्ष और कांग्रेस के नेता अभिषेक चौकसे ने आरोप लगाया है कि सुरेश उपाध्याय के पास से जितनी भी संपत्ति उजागर हुई है वो रोहाणी परिवार की बेनामी संपत्ति है। कांग्रेस नेता अभिषेक चौकसे ने ऐसी कई जमीनों के दस्तावेज ईओडब्लू और सीएम कमलनाथ तक पहुंचाए हैं, जिसके खसरे में उपाध्याय परिवार के साथ रोहाणी परिवार के भी सदस्यों के नाम दर्ज हैं। इऩ दस्तावेजों से इतना साफ हो रहा है कि सुरेश उपाध्याय की रोहाणी परिवार से नजदीकी के आरोप सच थे और जमीनों के खरीदों में दोनों ही परिवारों की पार्टनरशिप लंबे समय से चली आ रही थी।

Read More: आधा दर्जन से अधिक आबकारी अधिकारियों का तबादला, जानिए किसे कहां मिला नया पदभार

कांग्रेस ने तो इन दस्तावेजों के आधार पर बेनामी संपत्ति के खिलाफ पीएम मोदी की भी मुहिम पर सवाल उठाए हैं और भाजपा विधायक अशोक रोहाणी से नैतिकता के आधार पर इस्तीफा देने की मांग की है। इस बीच ईओडब्लू अब भी सुरेश उपाध्याय की संपत्तियों की जांच कर रही है, जिसमें अब तक उपाध्याय परिवार के कई कंपनियों में मोटे निवेश, 150 से ज्यादा प्लॉट्स, 130 एकड़ कृषि भूमि, आलीशान बंगले, लक्ज़री गाड़ियां, दो किलो सोना और पांच किलो चांदी सहित करोड़ों की संपत्ति उजागर हो चुकी है।