कोचिंग संस्थान को धमकी देने के मामले में आरोपी नासिक से पकड़ा गया

कोचिंग संस्थान को धमकी देने के मामले में आरोपी नासिक से पकड़ा गया

कोचिंग संस्थान को धमकी देने के मामले में आरोपी नासिक से पकड़ा गया
Modified Date: April 6, 2026 / 10:20 pm IST
Published Date: April 6, 2026 10:20 pm IST

नयी दिल्ली, छह अप्रैल (भाषा) उत्तर-पश्चिमी दिल्ली के एक कोचिंग संस्थान को बम से उड़ाने की धमकी देने के मामले में 31 वर्षीय व्यक्ति को गिरफ्तारी किया गया है। पुलिस ने सोमवार को बताया कि आरोपी ने खुद को गैंगस्टर बताते हुए 21 लाख रुपये की मांग की थी।

पुलिस के अनुसार, आरोपी को पकड़ने के लिए जांच टीमों ने महाराष्ट्र के नासिक तक करीब 2,800 किलोमीटर की यात्रा की।

पुलिस ने बताया कि आरोपी की पहचान बच्चू झा के रूप में हुई है, जो एप्लाइड मैथेमेटिक्स का पूर्व प्रोफेसर है। उसने दो अप्रैल को फोन पर संस्थान के प्रबंधक को धमकी दी थी कि यदि पैसे नहीं दिए गए तो बम विस्फोट कर दिया जाएगा।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, ‘इस कॉल से दहशत फैल गई और अशोक विहार थाने में मामला दर्ज किया गया। फोन करने वाले ने अपना परिचय ‘नोएडा के बबला गुर्जर’ के रूप में दिया और कर्मचारियों व छात्रों के बीच डर पैदा कर जबरन वसूली की कोशिश की।’

अधिकारी ने कहा कि सार्वजनिक सुरक्षा को संभावित खतरे को देखते हुए धमकी को बेहद गंभीरता से लिया गया।

उनके मुताबिक, तुरंत एक समर्पित टीम का गठन किया गया और बहुस्तरीय, तकनीक-आधारित जांच शुरू की गई और कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) के साथ-साथ सब्सक्राइबर विश्लेषण की वास्तविक समय में जांच की गई।

उन्होंने बताया कि संदिग्ध के ‘डिजिटल फुटप्रिंट’ का लगातार नजर रखी गई, जिससे जांचकर्ता नासिक में उसके ठिकाने तक पहुंच गए।

अधिकारी ने कहा, ‘स्थानीय इकाइयों के साथ निरंतर समन्वय और जमीनी खुफिया जानकारी ने टीम को आरोपी के फरार होने से पहले उसे पकड़ने में मदद की। बिहार के मधुबनी निवासी झा को नासिक से गिरफ्तार किया गया।”

उन्होंने बताया कि पूछताछ में सामने आया कि वह पहले हरियाणा व बिहार के मेडिकल कॉलेजों में एप्लाइड मैथेमेटिक्स के प्रोफेसर के रूप में काम कर चुका है।

प्रारंभिक जांच से पता चला है कि उसने फर्जी पहचान का उपयोग करके धमकी भरी कॉल के जरिए जबरन वसूली करने का तरीका अपनाया था।

पुलिस ने कहा कि वह इसी तरह के अन्य मामलों से भी जुड़ा है, जिसमें छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में एक पूर्व विधायक और बिहार के दरभंगा में पटना उच्च न्यायालय के एक अधिवक्ता को निशाना बनाना शामिल है।

वह इससे पहले 2016 में पटना में दर्ज हत्या के प्रयास के एक मामले में भी शामिल रहा था। उसके पास से जबरन वसूली के लिए इस्तेमाल किया गया एक मोबाइल फोन बरामद किया गया है।

पुलिस ने कहा कि उपकरण में मौजूद आपत्तिजनक चैट, स्क्रीनशॉट और अन्य डिजिटल सबूतों से अपराध में उसकी संलिप्तता स्थापित हुई है।

अधिकारी ने बताया, ‘फोन जब्त कर लिया गया है और अन्य संभावित पीड़ितों तथा अन्य मामलों से संबंधों की पहचान करने के लिए डिजिटल डेटा का आगे विश्लेषण किया जा रहा है। मामले में आगे की जांच जारी है।’

भाषा नोमान प्रशांत

प्रशांत


लेखक के बारे में