एटा, आठ सितंबर (भाषा) उत्तर प्रदेश के एटा जिले में शोभायात्रा के दौरान एक मुस्लिम बुजुर्ग के साथ कथित अभद्रता और उनकी टोपी खींचने का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने छह युवकों के खिलाफ निरोधात्मक कार्रवाई की है। वहीं, बाद में लोधी समुदाय के सदस्यों ने बुजुर्ग से माफी मांगते हुए उन्हें टोपी और माला पहनाकर सम्मानित किया।
यह घटना पिछले सप्ताह जिले के मारहरा थाना क्षेत्र में रानी वीरांगना अवंती बाई लोधी की जयंती पर निकाली गई शोभायात्रा के दौरान हुई थी। वायरल वीडियो में कुछ युवक बुजुर्ग के सिर से टोपी खींचते दिखाई दे रहे हैं, जिससे वह व्यथित नजर आ रहे हैं। वीडियो में एक पुलिसकर्मी उन्हें वहां से ले जाता हुआ भी दिख रहा है।
पुलिस ने वीडियो का स्वत: संज्ञान लेते हुए फुटेज की जांच की और छह युवकों को हिरासत में लेकर लोक सेवक के आदेश की अवज्ञा, गलत तरीके से रोकने और रोकने के लिए आपराधिक बल के इस्तेमाल जैसी धाराओं में निरोधात्मक कार्रवाई की।
इसके बाद सोशल मीडिया पर एक अन्य वीडियो सामने आया, जिसमें कुछ युवक मारहरा थाने में हाथ जोड़कर माफी मांगते दिखाई दे रहे हैं।
सदर के पुलिस क्षेत्राधिकारी (सीओ) संकल्प दीप कुशवाहा ने कहा कि उन्हें थाने में औपचारिक रूप से माफी मांगने की कोई जानकारी नहीं है।
उन्होंने कहा, ‘‘जब लोगों को पकड़ा जाता है तो वे अक्सर अपनी गलती स्वीकार कर लेते हैं।’’
इस घटना को लेकर मुस्लिम समुदाय में नाराजगी के बाद तीन सितंबर को कस्बे के चौधरी मतिनुज्जमा पब्लिक स्कूल में एक बैठक आयोजित की गई। यह स्कूल समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष परवेज जुबेरी से जुड़ा है।
इस बैठक में दोनों समुदायों के 60 से 70 प्रमुख लोग शामिल हुए, जिनमें लोधी कल्याण महासभा की मेला समिति के उपाध्यक्ष चमन प्रकाश और अन्य पदाधिकारी भी मौजूद थे।
बैठक के दौरान लोधी समुदाय के प्रमुख सदस्यों ने बुजुर्ग से घटना पर खेद जताया और उन्हें टोपी व माला पहनाकर सम्मानित किया। लोधी महासभा के सदस्यों ने भी घटना पर अफसोस व्यक्त किया।
जुबैरी ने कहा कि मामले को सुलझाने में चमन प्रकाश की अहम भूमिका रही। उन्होंने कहा, ‘‘सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने के उद्देश्य से आपसी सहमति से निर्णय लिया गया और अब दोनों पक्ष संतुष्ट हैं।’’
उन्होंने आरोप लगाया कि बुजुर्ग के साथ अभद्रता की गई थी और मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों के साथ भी दुर्व्यवहार किया गया। जुबेरी ने बताया कि पुलिस कार्रवाई का सामना कर रहे छह युवक बैठक में शामिल नहीं हुए।
बैठक में तेज आवाज वाले डीजे के इस्तेमाल पर भी चर्चा हुई। कुछ लोगों ने सुझाव दिया कि जुलूस के दौरान तेज संगीत और आपत्तिजनक गानों से लोगों की भावनाएं भड़क सकती हैं। भविष्य में सड़क पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में डीजे के इस्तेमाल से बचने पर भी विचार किया गया।
यह शोभायात्रा अखिल भारतीय लोधी कल्याण महासभा की ओर से आयोजित की गई थी। इसमें पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के पुत्र राजवीर सिंह उर्फ राजू भैया, मारहरा विधायक वीरेंद्र लोधी, फर्रुखाबाद सांसद मुकेश राजपूत और लोधी समुदाय के कई अन्य विधायक व नेता शामिल हुए थे।
भाषा
सं, आनन्द पारुल रवि कांत