भारत में अवैध रूप से प्रवेश के मामले में दोषी बांग्लादेशी नागरिक असम से निष्कासित

भारत में अवैध रूप से प्रवेश के मामले में दोषी बांग्लादेशी नागरिक असम से निष्कासित

भारत में अवैध रूप से प्रवेश के मामले में दोषी बांग्लादेशी नागरिक असम से निष्कासित
Modified Date: August 18, 2026 / 10:27 pm IST
Published Date: August 18, 2026 10:27 pm IST

गुवाहाटी, 18 अगस्त (भाषा) भारत में अवैध रूप से प्रवेश करने के मामले में दोषी ठहराए गए बांग्लादेशी नागरिक को अप्रवासी (असम से निष्कासन) अधिनियम, 1950 के तहत दक्षिण सलमारा-मनकाचर के जिला मजिस्ट्रेट ने असम से निष्कासित कर दिया है। एक अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

दक्षिण सलमारा-मनकाचर के जिला मजिस्ट्रेट परीक्षित थौदम की ओर से जारी आदेश के अनुसार, बांग्लादेशी नागरिक को अप्रवासी (असम से निष्कासन) अधिनियम, 1950 की धारा 2(बी) के तहत निष्कासित किया गया है। यह धारा सरकार को किसी व्यक्ति या समूह को भारत या असम से हटाने और निष्कासित करने के संबंध में निर्देश देने का अधिकार देती है, जब उसके खिलाफ प्रारंभिक निष्कासन आदेश जारी किया जा चुका हो।

जिला मजिस्ट्रेट द्वारा 14 अगस्त को जारी आदेश के अनुसार, विदेशी नागरिक की पहचान 24 वर्षीय मोहम्मद मसूद उर्फ मिस्टर के रूप में हुई है। वह बांग्लादेश के कुरिग्राम जिले के रौमारी थाना क्षेत्र के रतनपुर गांव का रहने वाला है।

सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवानों ने इस साल 13 जनवरी को जॉर्डांगा सीमा चौकी (बीओपी) क्षेत्र में उसे कथित तौर पर अवैध रूप से भारत में प्रवेश करने के आरोप में पकड़ा था। इसके बाद उसे मनकाचर थाने को सौंप दिया गया, जहां भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), आव्रजन एवं विदेशी अधिनियम, 2025 तथा सार्वजनिक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम, 1984 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया।

जिले के अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने 21 जुलाई को मसूद को तीनों कानूनों के प्रावधानों के तहत क्रमश: एक महीने, सात महीने और तीन महीने के साधारण कारावास की सजा सुनाई थी। तीनों सजाएं एक साथ चलने का आदेश दिया गया था और हिरासत में पहले से बिताई गई अवधि को सजा में समायोजित किया गया था।

उसकी सजा की अवधि 12 अगस्त को पूरी हो गई, जिसके बाद उसे धुबरी जिला जेल से गोलपाड़ा स्थित माटिया होल्डिंग सेंटर भेज दिया गया, ताकि बांग्लादेश निर्वासन या प्रत्यावर्तन की आगे की कार्रवाई की जा सके।

मंगलवार को मीडिया को उपलब्ध कराए गए 14 अगस्त के आदेश में जिला मजिस्ट्रेट ने कहा कि संबंधित अपराधों में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर लगी बाड़ को क्षतिग्रस्त कर भारत में अनधिकृत प्रवेश शामिल है।

उन्होंने निर्देश दिया कि आदेश प्राप्त होने के 24 घंटे के भीतर विदेशी नागरिक को असम के क्षेत्र से बाहर किया जाए। इसके लिए दक्षिण सलमारा-मनकाचर/धुबरी मार्ग से सक्षम अधिकारियों द्वारा उसे कानूनी तरीके से बांग्लादेश भेजने या प्रत्यावर्तित करने की कार्रवाई की जाए।

भाषा रवि कांत रवि कांत वैभव

वैभव


लेखक के बारे में