राज्यसभा में बीजद सदस्य ने उठाया साइबर धोखाधड़ी का मुद्दा
राज्यसभा में बीजद सदस्य ने उठाया साइबर धोखाधड़ी का मुद्दा
नयी दिल्ली, नौ फरवरी (भाषा) राज्यसभा में सोमवार को बीजू जनता दल (बीजद) सदस्य सुलता देव ने साइबर धोखाधड़ी और फर्जी कॉल का मुद्दा उठाया और लोगों को ऐसी धोखाधड़ी से बचाने के लिए सरकार से हस्तक्षेप की मांग की।
विशेष उल्लेख के जरिए यह मुद्दा उठाते हुए सुलता देव ने साइबर धोखाधड़ी और फर्जी कॉल स्कैम के बढ़ते मामलों को रेखांकित किया और कहा कि पूरे देश में लोग परेशान हो रहे हैं और उन्हें वित्तीय नुकसान हो रहा है।
उन्होंने कहा, ‘‘हर दिन लोग फर्जी बैंक और केवाईसी कॉल, फर्जी लिंक, ओटीपी घोटाला, यूपीआई और क्रेडिट कार्ड धोखाधड़ी के जरिए ठगे जा रहे हैं।’’
उन्होंने ‘डिजिटल’ गिरफ्तारी के नए चलन का भी जिक्र किया, जिसमें साइबर अपराधी पुलिसकर्मी या जांच अधिकारी बनकर वीडियो कॉल के जरिए लोगों को धमकाते हैं और उन्हें ऑनलाइन पैसे भेजने के लिए मजबूर करते हैं।
उन्होंने कहा कि कई पीड़ितों ने मिनटों में अपनी जीवन भर की बचत खो दी है।
बीजद सदस्य ने कहा, “मैं सरकार से साइबर अपराध पुलिस इकाइयों को मजबूत करने, शिकायतों के शीघ्र पंजीकरण को सुनिश्चित करने, बैंकों और दूरसंचार कंपनियों के साथ समन्वय में सुधार और धोखाधड़ी वाले खातों को ‘फ्रीज’ करने की प्रक्रिया में तेजी लाने का आग्रह करती हूं।”
उन्होंने कहा कि इस संबंध में बड़े पैमाने पर जागरूकता अभियान चलाना भी अत्यंत आवश्यक है।
अन्नाद्रमुक सदस्य एम थंबीदुरई ने उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद की एक दुखद घटना की ओर सरकार का ध्यान आकृष्ट किया, जहां तीन नाबालिग बहनों ने आत्महत्या कर ली। उन्होंने कहा कि प्रारंभिक रिपोर्ट से संकेत मिलता है कि वे ऑनलाइन डिजिटल लत पर नियंत्रण नहीं रख पा रही थीं।
उन्होंने कहा कि इस त्रासदी ने डिजिटल सुरक्षा, माता-पिता की जागरूकता और नियामक निगरानी में गंभीर कमियों को उजागर किया है।
आम आदमी पार्टी (आप) के अशोक कुमार मित्तल ने लोक सेवकों की जवाबदेही तय करने के लिए कानून बनाने की मांग की।
उन्होंने कहा, ‘‘मैं प्रशासनिक संवेदनहीनता का मुद्दा उठाना चाहता हूं।’’ उन्होंने सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण आग लगने की घटना का जिक्र किया, जिसमें ‘इनक्यूबेटर’ में रखे बच्चों की मौत हो गई थी।
उन्होंने सरकार से लोक सेवा जवाबदेही अधिनियम की तर्ज पर एक कानून लाने का आग्रह किया, जिसमें गैर-जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज करने और पीड़ितों को उनके वेतन से मुआवजा देने का प्रावधान हो।
भाषा अविनाश दिलीप
दिलीप

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