राम मंदिर पर ‘नाटक’ से हिंदुओं की भावनाएं आहत हुईं, पप्पू यादव और राहुल गांधी माफी मांगें : भाजपा

राम मंदिर पर ‘नाटक’ से हिंदुओं की भावनाएं आहत हुईं, पप्पू यादव और राहुल गांधी माफी मांगें : भाजपा

राम मंदिर पर ‘नाटक’ से हिंदुओं की भावनाएं आहत हुईं, पप्पू यादव और राहुल गांधी माफी मांगें : भाजपा
Modified Date: August 2, 2026 / 08:11 pm IST
Published Date: August 2, 2026 8:11 pm IST

नयी दिल्ली, दो अगस्त (भाषा) भाजपा ने रविवार को आरोप लगाया कि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी और निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में संसद परिसर में ‘नाटक’ करके हिंदू भावनाओं को ठेस पहुंचाई और उन्हें इसके लिये माफी मांगनी चाहिए।

यादव ने हालांकि कहा कि वह सनातन की रक्षा के लिए विरोध कर रहे हैं और कितनी भी प्राथमिकी दर्ज हो जाएं, लेकिन वह नहीं झुकेंगे।

भाजपा नेताओं ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले की तरफ ध्यान खींचने के लिये संसद परिसर में ‘नाटक’ करने को लेकर पप्पू यादव, राहुल गांधी और अयोध्या से समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद अवधेश प्रसाद के खिलाफ शनिवार को वाराणसी में शिकायत दर्ज करवायी जबकि राष्ट्रीय राजधानी में पुलिस को तहरीर दी।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से संबद्ध विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने भी गांधी और यादव पर हमला करते हुए आरोप लगाया कि दोनों नेताओं ने संसद परिसर में विरोध प्रदर्शन के जरिए सनातन धर्म का अपमान किया।

भगवा कपड़े पहने पप्पू यादव ने शुक्रवार को संसद परिसर में मकर द्वार के सामने विपक्ष के दूसरे सांसदों के साथ यह ‘नाटक’ किया। गांधी समेत अन्य सांसदों ने दान पेटी में पैसे डाले, जबकि राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी को दिखाने के लिए अपनी जेब में पैसे डाले।

यादव बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद हैं।

भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ ने आरोप लगाया कि इस तरह के विरोध से लाखों राम भक्तों की भावनाओं को ठेस पहुंची है और यह सिर्फ राजनीतिक विरोध का काम नहीं था, बल्कि ‘‘एक सोचा-समझा अपराध’’ था।

चुघ ने ‘पीटीआई वीडियो’ सेवा से कहा, ‘‘राहुल गांधी और इस काम में शामिल हर किसी को, चाहे वह समाजवादी पार्टी से हो या किसी दूसरी राजनीतिक पार्टी से, पूरे देश और दुनिया भर के हिंदुओं से सबके सामने माफी मांगनी चाहिए।’’

उन्होंने आरोप लगाया कि जिन नेताओं ने राम जन्मभूमि आंदोलन का विरोध किया था और राम मंदिर के निर्माण का बहिष्कार किया था, वे अब मंदिर से जुड़े प्रतीकों का मजाक उड़ा रहे हैं।

विहिप नेता सुरेंदर गुप्ता ने भी गांधी और यादव की आलोचना की और इस विरोध को ‘‘अश्लील प्रदर्शन’’ बताया, जो सनातन धर्म और संतों का अपमान करता है।

गुप्ता ने ‘पीटीआई वीडियो’ सेवा से कहा, ‘‘यह बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है कि देश की राजधानी में संसद के बाहर ऐसा अश्लील प्रदर्शन किया गया। जिस तरह से दो ‘पप्पुओं’ ने सनातन और संतों का अपमान किया, उससे संतों के साथ-साथ हिंदू समुदाय में भी बहुत गुस्सा है।’’

इस बीच, पप्पू यादव ने कहा कि उन्होंने न तो किसी संत को गाली दी और न ही उनका अपमान किया।

यादव ने ‘पीटीआई वीडियो’ सेवा से कहा, ‘‘मैंने किसी को गाली नहीं दी। मैंने किसी संत का नाम नहीं लिया और न ही उनका अपमान किया। सनातन और इस देश के सौ करोड़ लोगों की आस्था की रक्षा के लिए हम एक लाख बार कुर्बानी देने को तैयार हैं। आप हमारे खिलाफ जितने चाहें मुकदमे कर लें और जितना चाहें हमला कर लें।’’

भाषा शफीक प्रशांत

प्रशांत


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