भाजपा ने लोगों को ‘सांप्रदायिक आधार पर बांट दिया था’ लेकिन युवाओं ने उस भेद को मिटा दिया: आप सांसद

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भाजपा ने लोगों को ‘सांप्रदायिक आधार पर बांट दिया था’ लेकिन युवाओं ने उस भेद को मिटा दिया: आप सांसद

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  • Publish Date - July 28, 2026 / 10:32 PM IST,
    Updated On - July 28, 2026 / 10:32 PM IST

नयी दिल्ली, 28 जुलाई (भाषा) आम आदमी पार्टी (आप) सदस्य गुरमीत सिंह मीत हेयर ने मंगलवार को भाजपा-नीत केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए लोकसभा में दावा किया कि उसने देश के लोगों को सांप्रदायिक आधार पर बांट दिया था, लेकिन युवाओं के आंदोलन ने उस भेद को मिटा दिया।

आप सदस्य ने ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) संशोधन विधेयक, 2026’ पर चर्चा में भाग लेते हुए कहा कि युवाओं के हालिया प्रदर्शन में सभी संप्रदाय के लोग थे और उसने अपने आंदोलन से देश को जगा दिया।

हेयर ने आरोप लगाया कि भाजपा ने देश को ‘‘हिन्दू-मुस्लिम’’ के बीच बांट दिया था और एक विमर्श गढ़ा था, जिसमें सांप्रदायिकता हावी थी। उन्होंने कहा कि लेकिन युवाओं ने उस विमर्श को तहस-नहस कर दिया। उन्होंने कहा कि अब विमर्श के केंद्र में सांप्रदायिता नहीं, बल्कि शिक्षा और रोजगार है।

आप सदस्य ने कहा कि आगामी चुनाव अब ऐसे मुद्दों पर ही लड़े जाएंगे। उन्होंने विधेयक के प्रावधानों का जिक्र करते हुए कहा कि इसमें सजा बढ़ाने का प्रस्ताव है। उन्होंने कहा कि पिछले कानून में भी सजा का प्रावधान था, लेकिन जब कानून ही सही तरीके से लागू नहीं होगा तो सख्त प्रावधान से क्या अंतर आएगा।

हेयर ने नीट परीक्षा में वायुसेना के इस्तेमाल और टेलीग्राम सेवा बंद करने के लिए भी सरकार पर निशाना साधा।

उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में व्यापक बदलाव लाने की जरूरत पर बल देते हुए कहा कि सरकार को एहतियाती कदम उठाने चाहिए।

विधेयक पर चर्चा में भाग लेते हुए भाजपा सदस्य शशांक मणि ने नरेन्द्र मोदी सरकार के विभिन्न कदमों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इस सरकार ने एनटीए (राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी) और नयी शिक्षा नीति जैसी कई सकारात्मक पहल की हैं, जिसका छात्रों पर सकारात्मक असर पड़ा है।

उन्होंने कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में हुए विभिन्न पेपर लीक मामलों का जिक्र करते हुए कहा कि तत्कालीन सरकार ने कोई गंभीर प्रयास नहीं किया, जबकि इस सरकार ने सक्रिय कदम उठाए। उन्होंने कहा कि राजस्थान में तो पेपर लीक का एक गिरोह ही बन गया था, लेकिन इस सरकार ने कार्रवाई की।

उन्होंने कहा कि इस सरकार द्वारा उठाए गए कदमों के कारण युवाओं के लिए नए अवसर बढ़े हैं। उन्होंने कहा कि इस सरकार का प्रयास है कि देश का युवा नौकरी मांगने वाला नहीं, बल्कि नौकरियां देने वाला बने। उन्होंने कहा कि सरकार का जोर स्वावलंबन पर है, जबकि पिछली कांग्रेस सरकारों को रुख वामपंथ की ओर झुका था और उसका पूरा जोर सरकारी नौकरियों एवं बड़ी कंपनियों में रोजगार की ओर था।

भाजपा सदस्य ने समाजवादी पार्टी पर भी निशाना साधा और आरोप लगाया कि सपा ने उत्तर प्रदेश में युवाओं की एक पीढ़ी को भारी नुकसान पहुंचाया।

भाषा अविनाश सुरेश

सुरेश