भाजपा किसी धर्म या भाषा के खिलाफ नहीं, विविधता में एकता ही हमारी विशेषता : गडकरी

भाजपा किसी धर्म या भाषा के खिलाफ नहीं, विविधता में एकता ही हमारी विशेषता : गडकरी

भाजपा किसी धर्म या भाषा के खिलाफ नहीं, विविधता में एकता ही हमारी विशेषता : गडकरी
Modified Date: April 2, 2026 / 06:04 pm IST
Published Date: April 2, 2026 6:04 pm IST

गुवाहाटी, दो अप्रैल (भाषा) केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बृहस्पतिवार को कहा कि भाजपा किसी भी जाति, धर्म या भाषा के खिलाफ नहीं है और विविधता में एकता ही “हमारी विशेषता है”।

असम के पलाशबाड़ी निर्वाचन क्षेत्र में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि विशिष्ट धर्म के लोगों को मतदान का अधिकार देने में दी गई छूट संविधान के “मार्गदर्शन” के अनुसार है।

गडकरी ने कहा, “भाजपा किसी जाति, क्षेत्र, धर्म या भाषा के खिलाफ नहीं है। विविधता में एकता ही हमारा मूलमंत्र है। लेकिन जो विदेशी नागरिक आते हैं, क्या उन्हें मतदान का अधिकार दिया जाना चाहिए? फिर आप सबका क्या होगा?”

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता ने दावा किया कि संविधान इस संबंध में “मार्गदर्शन” प्रदान करता है क्योंकि “सिख, हिंदू, बौद्ध, जैन निर्वासित हैं और उनका कोई दूसरा देश नहीं है”।

वह स्पष्ट रूप से संशोधित नागरिकता अधिनियम (सीएए) के तहत पड़ोसी देशों से उत्पीड़ित धार्मिक अल्पसंख्यकों को दी गई नागरिकता का जिक्र कर रहे थे।

गडकरी ने कहा कि मतदान का अधिकार हालांकि “अन्य विदेशियों” को नहीं दिया जा सकता है।

उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार ने पिछले एक दशक में असम को पूरी तरह से बदल दिया है, और सत्ता में वापस आने पर और भी तेज प्रगति का वादा किया।

असम में विधानसभा चुनाव नौ अप्रैल को होंगे। मतगणना चार मई को होगी।

भाषा प्रशांत देवेंद्र

देवेंद्र


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