राज्यसभा में भाजपा सदस्य ने उठाया ‘वन नेशन वन डिजिटल मेट्रो कार्ड’ का मुद्दा
राज्यसभा में भाजपा सदस्य ने उठाया ‘वन नेशन वन डिजिटल मेट्रो कार्ड’ का मुद्दा
नयी दिल्ली, 30 जुलाई (भाषा) राज्यसभा में बृहस्पतिवार को भारतीय जनता पार्टी के एक सदस्य ने ‘वन नेशन वन डिजिटल मेट्रो कार्ड’ की मांग करते हुए कहा कि यह समय की मांग है और इससे यात्रियों को कई तरह की सुविधाएं मिल सकेंगी।
शून्यकाल में भारतीय जनता पार्टी के सुरेन्द्र सिंह नागर ने यह मुद्दा उठाते हुए कहा कि आज भारत में दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा मेट्रो नेटवर्क है। उन्होंने कहा ‘‘ आज देश में 1090 किलोमीटर मेट्रो नेटवर्क करीब 24 शहरों में तैयार हो चुका है और इतना ही निर्माणाधीन है। 2026-27 के बजट में मेट्रो परियोजना के लिए 28 हजार 740 करोड़ रुपये का सबसे बड़ा आवंटन किया गया।’’
उन्होंने कहा कि इस सफलता के साथ एक नयी चुनौती भी है। मेट्रो यात्रियों के लिए मेट्रो कार्ड जारी किए जाते हैं। उन्होंने कहा कि हर शहर अपने यहां नया मेट्रो कार्ड जारी करता है, ये कार्ड प्लास्टिक के होते हैं और एक शहर का कार्ड दूसरे शहर में नहीं चलता।
मेट्रो यात्रियों के लिए डिजिटल मेट्रो कार्ड जारी करने की मांग करते हुए नागर ने कहा कि इससे पर्यावरण को भी फायदा होगा क्योंकि मेट्रो कार्ड में चिप और एंटीना लगा होने की वजह से इसकी रिसाइकिलिंग नहीं हो पाती तथा इससे कार्बन भी उत्पन्न होता है। ‘‘डिजिटल मेट्रो कार्ड जारी होने पर यह समस्या नहीं होगी।’’
उन्होंने कहा कि डिजिटल मेट्रो कार्ड मोबाइल फोन से संबद्ध होगा अत: इसके गुम होने से पूरी बैलेंस राशि का नुकसान नहीं होगा। ‘‘अभी मेट्रो कार्ड गुम होने से उसकी पूरी बैलेंस राशि भी चली जाती है। कार्ड ब्लॉक भी नहीं किया जा सकता क्योंकि इसकी सुविधा नहीं है। डिजिटल कार्ड होने पर यह समस्या नहीं होगी’’
भाषा मनीषा अविनाश
अविनाश

Facebook


