कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण ने कर्नाटक को तमिलनाडु के लिए 6,000 क्यूसेक पानी छोड़ने का निर्देश दिया
कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण ने कर्नाटक को तमिलनाडु के लिए 6,000 क्यूसेक पानी छोड़ने का निर्देश दिया
नयी दिल्ली, आठ सितंबर (भाषा) कावेरी जल प्रबंधन प्राधिकरण (सीडब्ल्यूएमए) ने मंगलवार को कावेरी जल विनियमन समिति (सीडब्ल्यूआरसी) की उस सिफारिश को बरकरार रखा जिसमें कर्नाटक को 15 दिनों तक तमिलनाडु के लिए 6,000 क्यूसेक पानी छोड़ने का निर्देश दिया गया था।
यह फैसला दिल्ली में एस.के. हलदर की अध्यक्षता में हुई सीडब्ल्यूएमए की 57वीं बैठक में लिया गया। बैठक में तमिलनाडु और कर्नाटक के अधिकारियों ने हिस्सा लिया। इससे पहले दिन में सीडब्ल्यूआरसी ने सिफारिश की थी कि कर्नाटक अगले 15 दिनों तक 6,000 क्यूसेक की दर से तमिलनाडु को पानी छोड़े।
यह फैसला सीडब्ल्यूएमए के 25 अगस्त के उस आदेश के बाद आया है जिसमें सीडब्ल्यूआरसी की सिफारिश को बरकरार रखते हुए उसने कर्नाटक को 15 दिनों तक तमिलनाडु के लिए 9,000 क्यूसेक पानी छोड़े जाने का निर्देश दिया था।
यह बैठक उच्चतम न्यायालय द्वारा तमिलनाडु सरकार को दिए गए उस निर्देश के बाद हुई जिसमें अदालत ने सरकार से कहा था कि वह कर्नाटक द्वारा कावेरी जल में अपने हिस्से का पानी छोड़े जाने को लेकर अपनी शिकायत सीडब्ल्यूएमए के सामने उठाए।
सीडब्ल्यूआरसी ने 24 अगस्त को हुई अपनी 141वीं बैठक में कर्नाटक को निर्देश दिया था कि वह अपने जलाशयों से पानी छोड़े और सुनिश्चित करे कि बिलिगुंडुलु सीमा बिंदु पर 9,000 क्यूसेक पानी छोड़ा जाए।
लगातार 15 दिनों तक पानी छोड़ने का निर्देश है और इस दौरान तमिलनाडु को लगभग 11.66 टीएमसी पानी मिलने की उम्मीद है।
पानी छोड़े जाने से कुरुवई खेती को फायदा होने और तमिलनाडु की पीने के पानी की जरूरतें पूरी होने की उम्मीद है।
इससे पहले सीडब्ल्यूआरसी ने कर्नाटक को निर्देश दिया था कि वह 12 अगस्त से 15 दिनों तक तमिलनाडु के लिए रोजाना 12,000 क्यूसेक पानी छोड़े। बाद में सीडब्ल्यूएमए ने उस फैसले को बरकरार रखा था।
भाषा सुरभि नरेश
नरेश

Facebook


