मुख्यमंत्री को एसआईआर पर चिंताएं व्यक्त करने का अधिकार,निर्वाचन आयोग करेगा समाधान:बंगाल के राज्यपाल

मुख्यमंत्री को एसआईआर पर चिंताएं व्यक्त करने का अधिकार,निर्वाचन आयोग करेगा समाधान:बंगाल के राज्यपाल

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  • Publish Date - January 5, 2026 / 09:45 PM IST,
    Updated On - January 5, 2026 / 09:45 PM IST

कोलकाता, पांच जनवरी (भाषा) पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सी.वी. आनंद बोस ने सोमवार को कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को राज्य में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) जैसी लोकतांत्रिक प्रक्रिया को लेकर अपनी आशंकाएं व्यक्त करने का पूरा अधिकार है।

राज्यपाल का यह बयान ऐसे समय में आया है जब दो दिन पहले बनर्जी ने मुख्य चुनाव आयुक्त को पत्र लिखकर राज्य में ‘मनमानी और त्रुटिपूर्ण ढंग से किए जा रहे’ एसआईआर को रोकने का आग्रह किया।

बनर्जी की चिंताओं का जवाब देते हुए बोस ने कहा कि ऐसे मुद्दों का उचित समाधान किया जाना चाहिए।

बोस ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘ किसी भी राज्य के मुख्यमंत्री को लोकतंत्र में किसी भी प्रक्रिया पर अपनी आशंकाएं व्यक्त करने का पूरा अधिकार है। इन आशंकाओं का समाधान किया जाना चाहिए। मुझे पूरा विश्वास है कि मजबूत और संतुलित निर्वाचन आयोग इन सवालों का संतोषजनक समाधान निकालने में सक्षम होगा।’’

निर्वाचन आयोग पर अपना हमला तेज करते हुए बनर्जी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार से राज्य में ‘मनमाना और त्रुटिपूर्ण’ एसआईआर को रोकने का आग्रह किया।

उन्होंने चेतावनी दी थी कि मौजूदा स्थितियों में इसके जारी रहने से “बड़े पैमाने पर लोगों का मताधिकार छीन सकता है’’ और यह “लोकतंत्र की नींव पर प्रहार” होगा।

तीन जनवरी को लिखे एक कड़े पत्र में बनर्जी ने आयोग पर आरोप लगाया कि उसने एक ऐसी प्रक्रिया का संचालन किया है, जो ‘अनियोजित, अपर्याप्त तैयारी वाली और आनन-फानन में शुरू की गई’ है और जिसमें ‘गंभीर अनियमितताएं, प्रक्रियात्मक उल्लंघन और प्रशासनिक चूक’ शामिल है।

राज्यपाल ने संकेत दिया कि राज्य में मतदाता सूचियों का विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) योजना के अनुसार जारी रहेगा।

बोस ने कहा, ‘‘यह प्रक्रिया बिना किसी बाधा के जारी रहेगी।’’

भाषा रवि कांत रवि कांत संतोष

संतोष