दिल्ली में अगले चार दिन तक चल सकती है शीतलहर : आईएमडी

दिल्ली में अगले चार दिन तक चल सकती है शीतलहर : आईएमडी

दिल्ली में अगले चार दिन तक चल सकती है शीतलहर : आईएमडी
Modified Date: November 29, 2022 / 08:25 pm IST
Published Date: December 22, 2020 6:08 am IST

नयी दिल्ली, 22 दिसम्बर (भाषा) भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने मंगलवार को कहा कि अगले चार दिन तक दिल्ली में शीतलहर चलने का पूर्वानुमान है और न्यूनतम तापमान में तीन से चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा सकती है।

उसने कहा कि इस दौरान मध्यम से लेकर घना कोहरा छाने की भी संभावना है।

आईएमडी ने कहा कि सफदरजंग वेधशाला ने बताया कि मंगलवार को न्यूनतम तापमान 5.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

वेधशाला ने रविवार को न्यूनतम तापमान 3.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया था, जो इस मौसम का सबसे कम तापमान था।

पश्चिमी विक्षोभ के हिमालय के ऊंचाई वाले इलाकों को प्रभावित करने के कारण सोमवार को न्यूनतम तापमान मामूली बढ़ोतरी के साथ 5.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। वहीं अधिकतम तापमान सामान्य से दो डिग्री अधिक 23.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।

मौसम के अनुमान से संबंधित एक निजी एजेंसी ‘स्काईमेट वैदर’ में विशेषज्ञ महेश पलावत ने कहा, ”पश्चिमी विक्षोभ के मंगलवार को खत्म होने के बाद तापमान में फिर से गिरावट आ सकती है।”

उन्होंने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ से जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और हिमाचल प्रदेश के ऊंचाई वाले इलाकों में हल्के से मध्यम स्तर की बारिश होने का अनुमान है।

पलावत ने बताया कि एक और पश्चिमी विक्षोभ 26 दिसम्बर से हिमालय के ऊंचाई वाले इलाकों को प्रभावित कर सकता है।

मौसम विभाग मैदानी इलाकों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस या उससे कम अथवा लगातार दो दिन तक सामान्य से 4.5 डिग्री सेल्सियस नीचे रहने पर शीतलहर की घोषणा करता है।

अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली जैसे छोटे इलाकों में अगर एक दिन भी तापमान तय मानदंडों के अनुसार रहता है तो शीतलहर की घोषणा की जा सकती है।

इस बीच, दिल्ली में वायु गुणवत्ता सूचकांक ‘‘ बेहद खराब’’ श्रेणी में दर्ज किया गया। सुबह नौ बजे एक्यूआई 365 दर्ज किया गया। सोमवार को 24 घंटे का औसतन एक्यूआई 332 और रविवार का 321 था।

एक्यूआई शून्य से 50 के बीच ‘अच्छा’, 51 और 100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 और 200 के बीच ‘सामान्य’, 201 और 300 के बीच ‘खराब’, 301 और 400 के बीच ‘अत्यंत खराब’ और 401 से 500 के बीच ‘गंभीर’ श्रेणी में माना जाता है।

भाषा निहारिका नरेश

नरेश


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