दीपके ने झारखंड में प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस कार्रवाई की निंदा की

दीपके ने झारखंड में प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस कार्रवाई की निंदा की

दीपके ने झारखंड में प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिस कार्रवाई की निंदा की
Modified Date: August 11, 2026 / 03:12 pm IST
Published Date: August 11, 2026 3:12 pm IST

नयी दिल्ली, 11 अगस्त (भाषा) कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने झारखंड में छात्र प्रदर्शनकारियों पर कथित पुलिस लाठीचार्ज की मंगलवार को निंदा की और छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो के प्रति एकजुटता प्रकट की।

कॉजपा ने एक बयान में बताया कि दीपके ने वीडियो कॉल पर अस्पताल में भर्ती महतो से बात की थी। संगठन का दावा है कि पुलिस की कार्रवाई से पहले महतो नौ दिन की भूख हड़ताल पर थे और कथित लाठीचार्ज के बाद उनकी हालत बिगड़ गई थी।

कॉजपा ने कहा कि पुलिस की कार्रवाई के दौरान चोट लगने और सीने में तेज दर्द की शिकायत के बाद महतो को अस्पताल में भर्ती कराया गया और सांस लेने में मदद के लिए ऑक्सीजन दिया गया। आरोप है कि पुलिस की कार्रवाई का निशाना शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में शामिल छात्र थे।

कॉजपा ने कहा कि वीडियो कॉल के दौरान महतो ने पुलिस की कार्रवाई और उन हालात के बारे में बताया जिनकी वजह से उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा।

दीपके ने कहा, ‘‘चाहे नयी दिल्ली का जंतर-मंतर हो या झारखंड की सड़कें, शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ पुलिस की ऐसी बर्बरता क्रूर, अमानवीय और पूरी तरह से अस्वीकार्य है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘देवेंद्र भाई एक सच्चे नायक हैं जो छात्र समुदाय के लिए अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं। कॉजपा महतो और उनके नेक संघर्ष के साथ मजबूती से खड़ी है। हम उनके असाधारण साहस, दृढ़ता और ताकत को सलाम करते हैं।’’

कॉजपा ने पुलिस की कथित कार्रवाई की तुरंत स्वतंत्र जांच और लाठीचार्ज का आदेश देने वाले अधिकारियों की जवाबदेही तय करने की मांग की।

संगठन ने यह भी कहा कि छात्र और युवा आंदोलनों को राज्य-प्रायोजित धमिकयों या बल प्रयोग से दबाया नहीं जा सकता।

झारखंड विधानसभा के पास सोमवार को हुई झड़प में महिलाओं समेत कई प्रदर्शनकारी और चार पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितता के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे नौकरी के उम्मीदवारों पर पानी की बौछारें, आंसू गैस के गोले का इस्तेमाल किया और लाठीचार्ज किया।

भाषा धीरज नरेश

नरेश


लेखक के बारे में