दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति ने एलपीजी सिलेंडर के वास्ते सरकार को पत्र लिखा

दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति ने एलपीजी सिलेंडर के वास्ते सरकार को पत्र लिखा

दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति ने एलपीजी सिलेंडर के वास्ते सरकार को पत्र लिखा
Modified Date: March 13, 2026 / 04:18 pm IST
Published Date: March 13, 2026 4:18 pm IST

नयी दिल्ली, 13 मार्च (भाषा) दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति (डीएसजीएमसी) ने शुक्रवार को पेट्रोलियम मंत्री से एलपीजी सिलेंडरों की निरंतर आपूर्ति सुनिश्चित करने में मदद मांगी ताकि लंगर (सामुदायिक रसोई) सेवा निर्बाध रूप से जारी रह सके।

केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को लिखे पत्र में डीएसजीएमसी ने कहा कि पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के कारण गुरुद्वारों में लंगर सेवा प्रभावित हुई है क्योंकि गैस एजेंसियों द्वारा एलपीजी की आपूर्ति ‘रोक दी गई’ है।

डीएसजीएमसी के एक पदाधिकारी ने कहा कि बड़े गुरद्वारों में पाइपलाइन के जरिए प्राकृतिक गैस की आपूर्ति तो है, लेकिन छोटे गुरुद्वारों में लंगर की रसोई चलाने के लिए एलपीजी सिलेंडरों पर निर्भरता है।

डीएसजीएमसी दिल्ली सिख गुरुद्वारा अधिनियम, 1971 के तहत स्थापित एक वैधानिक निकाय है, जो सिखों के धार्मिक मामलों और शहर के गुरुद्वारों के रखरखाव की देखरेख करता है।

यह संस्था राजधानी में शीशगंज साहिब, रकाबगंज और बंगला साहिब समेत कई बड़े गुरुद्वारों के प्रबंधन की देखरेख करती है, जहां प्रतिदिन हजारों लोगों को भोजन कराया जाता है।

इस पत्र पर डीएसजीएमसी के अध्यक्ष हरमीत सिंह कालका और महासचिव जगदीप सिंह कहलों ने हस्ताक्षर किए हैं।

दिल्ली सरकार ने बृहस्पतिवार को जनता को आश्वासन दिया कि शहर में एलपीजी, पेट्रोल, डीजल और पाइपलाइन से आने वाली प्राकृतिक गैस की आपूर्ति सामान्य है। उसने उनसे आग्रह किया कि वे घबराकर खरीददारी या जमाखोरी न करें।

मुख्यमंत्री कार्यालय से जारी एक बयान में कहा गया कि ईंधन की कोई कमी नहीं है और अधिकारी एलपीजी सिलेंडरों की कालाबाजारी एवं जमाखोरी को रोकने के लिए कड़ी जांच कर रहे हैं।

भाषा

राजकुमार नरेश

नरेश

राजकुमार


लेखक के बारे में