Iran Helped Pakistan Against India || Image- Symbolic (Canva)
नई दिल्ली: ईरान और इजरायल-अमेरिका के बीच युद्ध अपने पूरे शबाब पर है। ईरानी सुप्रीमो अयातुल्लाह खामेनेई की मौत से ईरान भड़क उठा है। वह लगातार इजरायली और अमेरिकी ठिकानों को निशाना बना रहा है। (Iran Helped Pakistan Against India)ईरान की तरफ से यह भी दावा किया गया है कि उन्होंने इजरायली पीएम नेतन्याहू के एक चीफ ऑफ डिफेंस को मार गिराया है।
बात करें भारत की तो यहां के मुसलमानों में भी इजरायल और अमेरिका के खिलाफ बेहद गुस्सा है। कश्मीर से लेकर लखनऊ, हैदराबाद, भोपाल और देश की राजधानी दिल्ली में शिया समुदाय के लोगों ने रैलियां निकालीं और खामेनेई की मौत के लिए इजरायल-अमेरिका को जिम्मेदार ठहराते हुए इन दोनों देशों के खिलाफ नारेबाजी की। बात सियासत की करें तो देश के वामपंथी नेता जहां ईरान और उसके समर्थित देशों के पक्ष में बातें कर रहे हैं, तो दूसरी तरफ दक्षिणपंथी यानी कट्टर हिंदूवादी दल के नेता इजरायल-अमेरिका की ईरान पर कार्रवाई को सही ठहरा रहे हैं।
इस युद्ध और विवाद के बीच भाजपा के सांसद निशिकांत दुबे ने कुछ पत्र जारी करते हुए ईरान के खिलाफ बड़ा दावा किया है। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि ईरान ने 1965 तथा 1971 में पाकिस्तान को हमारे यानी भारत के खिलाफ लड़ने के लिए पैसे, विमान और हथियार दिए थे। (Iran Helped Pakistan Against India) सांसद दुबे ने अपने ‘एक्स’ पर सेंट्रल इंटेलिजेंस एजेंसी का एक इंटेलिजेंस मेमोरेंडम भी साझा किया है। वहीं इससे पहले किए गए एक पोस्ट में निशिकांत दुबे ने लिखा था, “यदि क़ुरान मुस्लिम भाईचारे की बात करता है तो दुबई, ओमान, बहरीन, सऊदी, कतर सभी तो इस्लाम के ही राज्य हैं, उनके ऊपर हमला क्या इस्लाम के खिलाफ नहीं है?”
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बात कर पश्चिम एशिया की मौजूदा स्थिति पर चर्चा की और हालिया घटनाक्रम को लेकर भारत की चिंताओं से अवगत कराया। बातचीत के दौरान प्रधानमंत्री ने आम नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।
मोदी ने ‘एक्स’ पर पोस्ट में कहा, “प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से मौजूदा क्षेत्रीय स्थिति पर चर्चा करने के लिए फोन पर बात की। हाल के घटनाक्रमों पर भारत की चिंताओं से अवगत कराया और आम नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर जोर दिया। भारत शत्रुता शीघ्र समाप्त करने की आवश्यकता को दोहराता है।”
यह बातचीत अमेरिका और इजराइल के हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद हुई है। ईरान ने भी इजराइल और कई अन्य पश्चिम एशियाई देशों पर मिसाइलें दागीं। (Iran Helped Pakistan Against India) प्रधानमंत्री मोदी ने रविवार रात संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से भी बात की और इस खाड़ी देश पर हुए हमलों की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि भारत इस कठिन समय में यूएई के साथ एकजुटता से खड़ा है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बात कर पश्चिम एशिया की मौजूदा स्थिति पर चर्चा की और हालिया घटनाक्रम को लेकर भारत की चिंताओं से अवगत कराया। बातचीत के दौरान प्रधानमंत्री ने आम नागरिकों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने पर जोर दिया।
मोदी ने ‘एक्स’ पर पोस्ट में कहा, “प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से मौजूदा क्षेत्रीय स्थिति पर चर्चा करने के लिए फोन पर बात की। हाल के घटनाक्रमों पर भारत की चिंताओं से अवगत कराया और आम नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर जोर दिया। भारत शत्रुता शीघ्र समाप्त करने की आवश्यकता को दोहराता है।”
यह बातचीत अमेरिका और इजराइल के हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद हुई है। (Iran Helped Pakistan Against India) ईरान ने भी इजराइल और कई अन्य पश्चिम एशियाई देशों पर मिसाइलें दागीं।
प्रधानमंत्री मोदी ने रविवार रात संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से भी बात की और इस खाड़ी देश पर हुए हमलों की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि भारत इस कठिन समय में यूएई के साथ एकजुटता से खड़ा है।
Had a telephone call with PM Benjamin Netanyahu to discuss the current regional situation. Conveyed India’s concerns over recent developments and emphasised the safety of civilians as a priority. India reiterates the need for an early cessation of hostilities.@netanyahu
— Narendra Modi (@narendramodi) March 1, 2026