बिहार: मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए निर्वाचन आयोग को लगभग दो लाख आवेदन मिले

बिहार: मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए निर्वाचन आयोग को लगभग दो लाख आवेदन मिले

बिहार: मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए निर्वाचन आयोग को लगभग दो लाख आवेदन मिले
Modified Date: August 30, 2025 / 05:11 pm IST
Published Date: August 30, 2025 5:11 pm IST

नयी दिल्ली, 30 अगस्त (भाषा) निर्वाचन आयोग ने शनिवार को कहा कि उसे बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत तैयार की जा रही मतदाता सूची से नाम हटाने के लिए व्यक्तियों से 1.98 लाख आवेदन प्राप्त हुए हैं।

आयोग ने कहा कि दूसरी ओर, नाम शामिल करने के लिए लगभग 30,000 आवेदन प्राप्त हुए।

मतदाता सूची का मसौदा एक अगस्त को प्रकाशित किया गया था और यह एक सितंबर तक व्यक्तियों तथा राजनीतिक दलों द्वारा ‘‘दावों और आपत्तियों’’ के लिए खुला रहेगा।

चुनाव कानूनों के तहत, लोगों और दलों को उन नामों को शामिल करने को चुनौती देने का अधिकार है जिनके बारे में उन्हें लगता है कि वे मसौदा सूची में अपात्र हैं। इसी तरह, जो लोग खुद को पात्र समझते हैं लेकिन सूची से बाहर रह गए हैं, वे भी नाम शामिल करने की मांग कर सकते हैं।

बिहार में नवंबर में चुनाव होने की संभावना है और वहां के लिए अंतिम मतदाता सूची 30 सितंबर को प्रकाशित की जाएगी।

राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ-स्तरीय एजेंट ने अब तक बिहार के मतदाताओं की मसौदा सूची में शामिल करने के लिए 25 और बाहर करने के लिए 103 दावे दायर किए हैं।

निर्वाचन आयोग के अनुसार, राज्य के 7.24 करोड़ मतदाताओं में से 99.11 प्रतिशत ने अब तक सत्यापन के लिए अपने दस्तावेज जमा कर दिए हैं।

उच्चतम न्यायालय ने निर्वाचन आयोग से कहा है कि वह मतदाता सूची में नाम शामिल कराने के इच्छुक लोगों से आधार कार्ड या सूचीबद्ध 11 दस्तावेजों में से कोई भी दस्तावेज स्वीकार करे।

निर्वाचन आयोग ने उच्चतम न्यायालय से कहा है कि वह चुनावी राज्य बिहार में विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान पर भरोसा जताए।

भाषा देवेंद्र नेत्रपाल

नेत्रपाल


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