परीक्षा पेपर लीक ज्वलंत मुद्दा, कारणों की जांच करने की जरूरत : राज्यसभा सदस्य विजयेंद्र प्रसाद

परीक्षा पेपर लीक ज्वलंत मुद्दा, कारणों की जांच करने की जरूरत : राज्यसभा सदस्य विजयेंद्र प्रसाद

परीक्षा पेपर लीक ज्वलंत मुद्दा, कारणों की जांच करने की जरूरत : राज्यसभा सदस्य विजयेंद्र प्रसाद
Modified Date: August 5, 2026 / 04:25 pm IST
Published Date: August 5, 2026 4:25 pm IST

नयी दिल्ली, पांच अगस्त (भाषा) परीक्षा पेपर लीक को देश का ‘ज्वलंत मुद्दा’ करार देते हुए राज्यसभा सदस्य और प्रसिद्ध पटकथा लेखक वी विजयेंद्र प्रसाद ने कहा कि प्रौद्योगिकी-संचालित प्रणाली होनी चाहिए जिसके तहत लीक की आशंका को कम करने के लिए परीक्षा शुरू होने से कुछ मिनट पहले प्रश्न पत्र तैयार और ‘एन्क्रिप्ट’ किए जाएं।

‘बाहुबली’, ‘आरआरआर’ और ‘बजरंगी भाईजान’ जैसी सुपरहिट फिल्में लिखने वाले प्रसाद ने कहा कि प्रश्नपत्र तैयार करने और परीक्षा के समय के बीच के अंतर से लीक की आशंका बढ़ जाती है।

उन्होंने ‘पीटीआई-भाषा’ के साथ एक साक्षात्कार में कहा, ‘‘फिलहाल, यह देश में एक ज्वलंत मुद्दा है। हमें पेपर लीक के पीछे के कारणों की जांच करने की आवश्यकता है क्योंकि प्रश्न पत्र की तैयारी और परीक्षा के समय के बीच अंतर होता है। लीक किसी भी स्तर पर हो सकता है – जहां पेपर तैयार किया जाता है, मुद्रित किया जाता है, बाइंड किया जाता है, या ले जाया जाता है। इसे कैसे रोका जा सकता है, या इसकी आशंका न्यूनतम कैसे की जा सकती है…।’’

इस साल नीट परीक्षा में अनियमितताओं के आरोपों के बाद पेपर लीक का मुद्दा केंद्र में आया, जिसके बाद व्यंग्यपूर्ण डिजिटल संगठन कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के नेतृत्व में देशव्यापी विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया।

यह आंदोलन सरकार द्वारा प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों को स्वीकार करने और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के साथ समाप्त हुआ।

नीट परीक्षा के बारे में बात करते हुए, प्रसाद ने प्रत्येक विषय के लिए एक बड़ा प्रश्न बैंक बनाने का प्रस्ताव रखा, जिससे परीक्षा से कुछ समय पहले कंप्यूटर यादृच्छिक रूप से प्रश्न पत्र तैयार करेगा।

उन्होंने कहा, ‘उदाहरण के तौर पर हालिया नीट परीक्षा को लें। इसमें चार विषय हैं – वनस्पति विज्ञान, प्राणीशास्त्र, रसायन विज्ञान और भौतिकी – और प्रत्येक में लगभग 45 प्रश्न हैं। मेरा सुझाव है कि शिक्षाविद प्रत्येक विषय के लिए लगभग 5,000 से 6,000 प्रश्नों का एक प्रश्न बैंक बनाएं।’

प्रसाद के अनुसार परीक्षा शुरू होने से कुछ समय पहले परीक्षा पत्र कंप्यूटर प्रोग्राम के माध्यम से तैयार किया जाना चाहिए, जिसके बाद विशेषज्ञ सत्यापित करेंगे कि यह निर्धारित मापदंडों को पूरा करता है।

प्रसाद ने छात्रों को परीक्षा से एक घंटे पहले परीक्षा केंद्रों पर रिपोर्ट करने, अपने फोन और अध्ययन सामग्री जमा करने तथा प्रश्न पत्र तैयार होने तक परिसर के अंदर रहने का सुझाव दिया।

उन्होंने कहा, ‘सुबह 8:10 बजे, एक कंप्यूटर-जनित कुंजी बनाई जाए, जो सिस्टम को परीक्षा प्रश्नपत्र के लिए प्रश्न चुनने का निर्देश दे। एक या दो मिनट के भीतर, परीक्षा पेपर तैयार हो जाएगा। विशेषज्ञ फिर प्रश्नपत्र का अध्ययन करेंगे, और एक बार संतुष्ट होने के बाद, वे इसे मंजूरी दे देंगे।’

राज्यसभा सदस्य ने कहा कि स्वीकृत प्रश्नपत्र को फिर ‘एन्क्रिप्ट’ किया जाना चाहिए और परीक्षा केंद्रों पर प्रेषित किया जाना चाहिए, जहां परीक्षा शुरू होने से कुछ समय पहले कई अधिकृत अधिकारियों को इसे ‘अनलॉक’ करना होगा।

फिल्मों से जुड़े एक सवाल पर अनुभवी लेखक ने कहा कि उन्होंने 2015 की हिट ‘बजरंगी भाईजान’ की अगली कड़ी की पटकथा सलमान खान को सुनाई है। उन्होंने कहा, ‘‘’हां, मैंने उन्हें बजरंगी भाईजान का सीक्वल सुनाया, उन्हें पसंद आया। अब गेंद उनके पाले में है, मेरे पाले में नहीं।”

प्रसाद ने यह भी कहा कि उन्होंने अपने फिल्म निर्माता बेटे एसएस राजामौली की अगली फिल्म ‘वाराणसी’ लिखी है जिसमें तेलुगु सुपरस्टार महेश बाबू, प्रियंका चोपड़ा और पृथ्वीराज सुकुमारन अभिनय करेंगे।

भाषा अविनाश वैभव

वैभव


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