गोपी ने प्रधानमंत्री के कार्यक्रम से पीडब्ल्यूडी मंत्री को बाहर रखे जाने संबंधी विवाद को खारिज किया

गोपी ने प्रधानमंत्री के कार्यक्रम से पीडब्ल्यूडी मंत्री को बाहर रखे जाने संबंधी विवाद को खारिज किया

गोपी ने प्रधानमंत्री के कार्यक्रम से पीडब्ल्यूडी मंत्री को बाहर रखे जाने संबंधी विवाद को खारिज किया
Modified Date: March 12, 2026 / 02:48 pm IST
Published Date: March 12, 2026 2:48 pm IST

त्रिशूर (केरल), 12 मार्च (भाषा) केंद्रीय मंत्री सुरेश गोपी ने केरल के लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) मंत्री पी ए मोहम्मद रियास को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आधिकारिक कार्यक्रम से कथित रूप से बाहर रखे जाने को लेकर पैदा हुए विवाद के मद्देनजर बृहस्पतिवार को कहा कि प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में मंच पर उपस्थित रहने वाले लोगों का चयन ‘ब्लू बुक प्रोटोकॉल’ के अनुसार किया जाता है।

संवाददाताओं ने रियास को आमंत्रित नहीं किए जाने के बाद, मुख्यमंत्री पिनराई विजयन सहित राज्य के मंत्रियों के बुधवार को कोच्चि में प्रधानमंत्री मोदी के कार्यक्रम में शामिल नहीं होने को लेकर सवाल किए जिसके जवाब में गोपी ने कहा कि केंद्र सरकार ने राज्य सरकार को सूचित किया था कि प्रधानमंत्री के कार्यक्रम के दौरान मंच की व्यवस्था ब्लू बुक प्रोटोकॉल के अनुसार की जाएगी।

उन्होंने कहा, ‘‘यदि राज्य सरकार ने यह जवाब दिया होता कि वे संबंधित मंत्री को शामिल करना चाहते हैं, तो तदनुसार व्यवस्था की जाती।’’

उन्होंने कहा कि मंच पर उपस्थित रहने वाले व्यक्तियों की संख्या के संबंध में विशेष सुरक्षा समूह (एसपीजी) का एक प्रोटोकॉल है और उसका पालन किया जाना चाहिए।

गोपी ने कहा, ‘‘मैं इसे अनावश्यक विवाद नहीं कहूंगा क्योंकि उनकी राजनीति को इसकी जरूरत है। वे केवल इसी तरह आगे बढ़ सकते हैं।’’

उन्होंने कहा कि अगर राज्य सरकार प्रधानमंत्री के कार्यक्रम से पहले राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) के उद्घाटन के लिए एक और समारोह आयोजित करती है तो उन्हें कोई आपत्ति नहीं है।

केरल में एनएच-66 के पूरे हो चुके हिस्से को प्रधानमंत्री मोदी द्वारा बुधवार को राष्ट्र को समर्पित किए जाने से कुछ घंटे पहले ही मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) ने इसके एक खंड का उद्घाटन कर दिया था।

केरल के मंत्री एम बी राजेश ने कहा है कि इस साल की शुरुआत में जब वह तिरुवनंतपुरम में प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे तब एसपीजी ने उनसे आधार कार्ड मांगा था।

राजेश के इस बयान पर गोपी ने कहा कि इसमें कुछ भी असामान्य नहीं है।

उन्होंने कहा कि कोच्चि में प्रधानमंत्री के कार्यक्रम के दौरान खुद उनकी भी चार जगह तलाशी ली गई थी।

उन्होंने कहा, “मेरे साथ आए लोगों ने एसपीजी से कहा कि मैं राज्य मंत्री हूं लेकिन उन्होंने तलाशी लेने पर जोर दिया।’’

उन्होंने कहा कि इसी तरह एक बार केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भी एक कार्यक्रम में रोककर उनसे आधार कार्ड दिखाने को कहा गया था।

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) नेता जी सुधाकरन के निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ने के कथित फैसले के बारे में पूछे जाने पर गोपी ने कहा कि सुधाकरन भावनात्मक रूप से दुखी प्रतीत हुए।

उन्होंने कहा कि उन्होंने सुधाकरन से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने के बारे में बात नहीं की।

उन्होंने कहा, ‘‘मैंने उनसे केवल नैतिक समर्थन देने के लिए बात की थी। बातचीत के दौरान हमने राजनीति के संबंध में एक शब्द भी नहीं कहा।’’

भाषा

सिम्मी नरेश

नरेश


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