निजी चिकित्सकों की एक दिवसीय हड़ताल के कारण राजस्थान में स्वास्थ्य सेवाएं बाधित

Ads

निजी चिकित्सकों की एक दिवसीय हड़ताल के कारण राजस्थान में स्वास्थ्य सेवाएं बाधित

  •  
  • Publish Date - April 14, 2026 / 02:41 PM IST,
    Updated On - April 14, 2026 / 02:41 PM IST

जयपुर, 14 अप्रैल (भाषा) जयपुर में एक अस्पताल निदेशक की गिरफ्तारी के विरोध में चिकित्सकों की एक दिवसीय हड़ताल के कारण मंगलवार को राजस्थान के निजी अस्पतालों में चिकित्सा सेवाएं प्रभावित रहीं।

भारतीय चिकित्सा संघ (आईएमए) की राजस्थान इकाई के आह्वान पर निजी अस्पताल और नर्सिंग होम मंगलवार सुबह आठ बजे से बुधवार सुबह आठ बजे तक हड़ताल पर हैं।

जयपुर में निजी अस्पताल बाह्य रोगी विभाग (ओपीडी) सेवाओं के लिए सुबह से ही बंद हैं। हालांकि, पहले से भर्ती मरीजों का इलाज जारी रहा।

राज्य के निजी अस्पतालों में हड़ताल का असर साफ दिखाई दिया। कुछ अस्पतालों ने आपातकालीन सेवाएं भी निलंबित कर दीं। हड़ताल को देखते हुए प्राधिकारियों ने सरकारी अस्पतालों में व्यवस्थाएं मजबूत कर दीं।

कई अस्पतालों में दिनभर के लिए ओपीडी सेवाएं निलंबित रहने की मरीजों को जानकारी देने वाले नोटिस लगाए गए। अस्पताल पहुंचे कुछ मरीजों को पूछताछ करते और फिर सरकारी अस्पतालों की ओर जाते देखा गया।

‘प्राइवेट हॉस्पिटल्स एंड नर्सिंग होम्स एसोसिएशन’ के अध्यक्ष डॉ विजय कपूर ने कहा, ‘‘यह प्रतीकात्मक हड़ताल है, आगे और आंदोलन हो सकता है।’’

आईएमए और ‘प्राइवेट हॉस्पिटल्स एंड नर्सिंग होम्स एसोसिएशन’ ने आपात बैठक कर 24 घंटे के लिए सेवाएं निलंबित करने का निर्णय लिया था। यह निर्णय जयपुर में एक निजी अस्पताल निदेशक डॉ. सोनदेव बंसल की गिरफ्तारी के विरोध में लिया गया।

पुलिस ने उन्हें कथित धोखाधड़ी मामले में जयपुर से गिरफ्तार किया था।

निजी अस्पतालों ने राजस्थान सरकार स्वास्थ्य योजना (आरजीएचएस) को भी अनिश्चितकाल के लिए निलंबित कर दिया है। हड़ताल कर रहे चिकित्सकों ने राज्य सरकार से इस योजना के तहत बकाया भुगतान जारी करने की मांग की है।

डॉ. कपूर ने बताया कि राज्य में लगभग 3,000 निजी अस्पताल और नर्सिंग होम हैं।

भाषा

बाकोलिया सिम्मी

सिम्मी