गृह मंत्री अमित शाह ने पुडुचेरी पुलिस को राष्ट्रपति ध्वज प्रदान किया

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गृह मंत्री अमित शाह ने पुडुचेरी पुलिस को राष्ट्रपति ध्वज प्रदान किया

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  • Publish Date - August 9, 2026 / 02:51 PM IST,
    Updated On - August 9, 2026 / 02:51 PM IST

(तस्वीरों के साथ)

पुडुचेरी, नौ अगस्त (भाषा) केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को पुडुचेरी पुलिस को ‘राष्ट्रपति ध्वज’ (प्रेसिडेंट्स कलर) प्रदान किया। उन्होंने देश की आंतरिक सुरक्षा सुनिश्चित करने में बल की प्रतिबद्धता और समर्पण की सराहना की।

शाह ने अंग्रेजों के जमाने के रद्द किए गए आपराधिक कानूनों का जिक्र किया, जिनमें भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) भी शामिल है। उन्होंने कहा कि आईपीसी की जगह लागू की गई भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) का उद्देश्य नागरिकों के लिए न्याय सुनिश्चित करना है।

पुडुचेरी के पुलिस बल को राष्ट्रपति ध्वज प्रदान करने के बाद अपने संबोधन में शाह ने कहा कि नये आपराधिक कानून तीन स्तंभों ‘प्रौद्योगिकी, समयसीमा और विश्वास’ पर आधारित हैं।

पुडुचेरी के विकास के प्रति केंद्र की प्रतिबद्धता रेखांकित करते हुए गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का दृष्टिकोण इस केंद्र-शासित प्रदेश को मजबूत करना रहा है।

उन्होंने कहा कि पुडुचेरी को मजबूत बनाने के लिए कई विकास योजनाएं शुरू की गई हैं। इनमें पिछले नौ वर्षों में 39,000 करोड़ रुपये का निवेश और हजारों करोड़ रुपये की लागत से सड़कों के विस्तार से जुड़ी परियोजनाएं शामिल हैं।

शाह ने कहा कि 1950 से 2014 के बीच पुडुचेरी को केंद्र की ओर से करीब 3,500 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे, जबकि 2014 से 2026 के बीच राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार ने केंद्र-शासित प्रदेश को 13,762 करोड़ रुपये उपलब्ध कराए।

उन्होंने कहा कि लखपति दीदी, उज्ज्वला और प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रत्यक्ष लाभ अंतरण और शौचालयों के निर्माण जैसी विभिन्न सरकारी पहलों से पुडुचेरी के सात लाख नागरिकों को लाभ मिला है।

शाह ने कहा, ‘‘पुडुचेरी पुलिस को निशान (राष्ट्रपति ध्वज) मिला है। इस स्वर्णिम अवसर पर मैं प्रधानमंत्री मोदी की ओर से आपको आश्वस्त करना चाहता हूं कि सरकार केंद्र-शासित प्रदेश के विकास के लिए प्रतिबद्ध है।’’

उन्होंने पुडुचेरी में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल के समर्पण और प्रतिबद्धता की सराहना की।

शाह ने कहा कि भौगोलिक रूप से पुडुचेरी दक्षिण भारत के अलग-अलग राज्यों में फैला हुआ है और इसके कुछ हिस्से तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश के यानम और केरल के माहे में स्थित हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘राष्ट्रपति ध्वज मिलना किसी भी पुलिस बल के लिए सबसे सम्मानजनक पल होता है। पुडुचेरी पुलिस की संख्या करीब 5,000 है और वह केंद्र-शासित प्रदेश की सुरक्षा और आंतरिक सुरक्षा बनाए रख रही है। आप यह काम किसी फाइल या आदेश के कारण नहीं, बल्कि अपनी प्रतिबद्धता और समर्पण की भावना से करते हैं।’’

गृह मंत्री ने कोविड-19 महामारी के चुनौतीपूर्ण दौर को याद करते हुए कहा कि उस समय वह राज्यों और केंद्र-शासित प्रदेशों की स्थिति की समीक्षा किया करते थे। उन्होंने कहा कि पुडुचेरी पुलिस ने लोगों, खासकर महिलाओं और बच्चों की सेवा के लिए अतिरिक्त प्रयास किए।

शाह ने गोरिमेडु स्थित पुडुचेरी सशस्त्र पुलिस मैदान में आयोजित आधिकारिक समारोह में बल के ‘एनसाइन ऑफीसर’ को राष्ट्रपति ध्वज प्रदान किया। इस मौके पर पुलिस महानिदेशक शालिनी सिंह भी मौजूद थीं।

उपराज्यपाल के कैलाशनाथन, मुख्यमंत्री एन रंगासामी और गृह मंत्री ए नमस्सिवायम समेत कई गणमान्य लोग भी समारोह में उपस्थित थे।

पुडुचेरी और वहां के लोगों की प्रशंसा करते हुए शाह ने कहा कि करीब 230 वर्षों तक फ्रांसीसी शासन के अधीन रहने के बावजूद पुडुचेरी ने अपनी ‘‘भारतीयता और आध्यात्मिक ऊर्जा’’ को बनाए रखा है।

उन्होंने इस आध्यात्मिक ऊर्जा का श्रेय ऑरबिंदों और मदर को दिया तथा कहा कि अब यह ऊर्जा पूरे देश में फैल चुकी है।

शाह ने कहा, ‘‘पुडुचेरी दक्षिण भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिकता का प्रतीक है।’’

मुख्यमंत्री रंगासामी ने अपने संबोधन में केंद्र-शासित प्रदेश प्रशासन को लगातार सहयोग देने और उसके लिए धनराशि मंजूर करने को लेकर प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्रालय का आभार जताया।

इस अवसर पर पुलिसकर्मियों का अभिनंदन करते हुए रंगासामी ने कहा कि केंद्र-शासित प्रदेश की पुलिस ने अपराधों की रोकथाम और उनका पता लगाने के साथ-साथ दोषसिद्धि का अच्छा रिकॉर्ड कायम करने में भी उपलब्धियां हासिल की हैं।

रंगासामी ने कहा कि पुडुचेरी पुलिस को राष्ट्रपति ध्वज प्रदान किया जाना ‘‘वर्दीधारी जवानों की ईमानदारी, समर्पण और अनुशासन को उचित मान्यता देना’’ है।

उपराज्यपाल कैलाशनाथन ने कहा कि केंद्र ने इंडिया रिजर्व बटालियन (आईआरबीएन) की एक और इकाई स्थापित करने को मंजूरी दी है। इस दूसरी इकाई में करीब 1,000 युवाओं को भर्ती किया जाएगा।

उन्होंने पुलिस से प्रधानमंत्री की अपील के अनुरूप पुडुचेरी को नशामुक्त बनाने की दिशा में काम करने का आह्वान किया।

पुलिस महानिदेशक शालिनी सिंह ने साइबर अपराध और कानून-व्यवस्था समेत पुलिस विभाग की विभिन्न शाखाओं के कामकाज और उपलब्धियों का विवरण दिया।

उन्होंने कहा, ‘‘हमारा लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि शांतिपूर्ण माहौल के कारण पुडुचेरी को यहां के लोगों और पर्यटकों के लिए सबसे सुरक्षित स्थान के रूप में पहचाना जाए।’’

भाषा शोभना पारुल

पारुल