कोरोना से बचाव के लिए उतना कारगर नहीं है हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन, साबित हो सकता है नुकसानदायक

कोरोना से बचाव के लिए उतना कारगर नहीं है हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन, साबित हो सकता है नुकसानदायक

कोरोना से बचाव के लिए उतना कारगर नहीं है हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन, साबित हो सकता है नुकसानदायक
Modified Date: November 29, 2022 / 08:29 pm IST
Published Date: April 12, 2020 10:22 am IST

नई दिल्ली: कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए देश ही नहीं दुनिया में हर संभव कोशिश की जा रही है। कोरोना संकट के दौरान दुनिया के कई देशों में हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन की मांग बढ़ गई है। दरअसल, मलेरिया के इलाज में काम आने वाली इन दवाओं को कुछ हद तक कोरोना पर भी कारगर बताया जा रहा है। लेकिन इसी बीच दिल्ली एम्स के निदेशक रणदीप गुलेरिया ने बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने दावा किया है कि हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन कोरोना से बचाव के लिए कारगर है, लेकिन इसके साइडइफेक्ट भी हैं।

Read More: मां की ममता को किया कलंकित, पति से विवाद के बाद 5 बच्चों को मां ने आधी रात गंगा नदी में बहा दिया

रणदीप गुलेरिया ने रविवार को मीडिया से बात करत हुए बताया कि कुछ लैब के डेटा बताते हैं कि हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन कोरोना के इलाज के लिए प्रभावी हैं, लेकिन इसके मजबूत प्रमाण नहीं हैं। यह कोरोना संक्रमितों की जांच और इलाज में लगे डॉक्टरों और मेडिलक स्टॉफ को कोरोना संक्रमण से बचाने के लिए कारगर साबित हो सकता है। लेकिन हर किसी कि इलाज के लिए इस दवा का उपयोग नहीं किया जा सकता।

Read More: कोविड-19 गाइडलाइन का पालन, CM शिवराज के साथ अधिकारी नहीं कर रहे AC का उपयोग, गर्मी से बचने किया ये उपाय

उन्होंने यह भी दावा किया है कि हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन का सेवन करने से हृदय संबंधी रोगों की भी संभावना है। इस दवा के सेवन के बाद दिल की धड़कन बढ़ जाती है। किसी भी अन्य दवा की तरह, इसके दुष्प्रभाव भी हैं। यह आम जनता के लिए फायदेमंद से ज्यादा नुकसानदायक साबित हो सकता है।

Read More: इंदौर में राहत भरी खबर, 7 मरीज हुए स्वस्थ, 5 इंदौर और 2 मरीज खरगोन के निवासी

चीन और फ्रांस के अध्ययनों में कहा गया है कि अगर गंभीर बीमारी से पीड़ित कोविड 19 रोगियों के लिए हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन और एज़िथ्रोमाइसिन का संयोजन मददगार हो सकता है। इस शोध के कोई मजबूत प्रमाण नहीं पाए गए हैं। चूंकि, कोई अन्य उपचार उपलब्ध नहीं है, इसलिए यह महसूस किया गया कि इसका उपयोग किया जाना चाहिए। हमें इस बात की देखने की आवश्यकता है कि हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन और एज़िथ्रोमाइसिन के संयोजन का उपयोग करने वाली चिकित्सा प्रभावी है या नहीं? कोरोना के संबंध में और जांच की आवश्यकता है, फिलहाल जांच जारी है।

Read More: गर्मी में सड़कों पर तैनात कर्मचारियों के लिए मंत्री ने पहुंचाया छाछ, 30 हजार कर्मियों को राहत पहुंचाने का लक्ष्य


लेखक के बारे में

"दीपक दिल्लीवार, एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 10 साल का एक्सपीरिएंस है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक ऑनलाइन समाचार वेबसाइट से की थी, जहां उन्होंने राजनीति, खेल, ऑटो, मनोरंजन टेक और बिजनेस समेत कई सेक्शन में काम किया। इन्हें राजनीति, खेल, मनोरंजगन, टेक्नोलॉजी, ऑटोमोबाइल और बिजनेस से जुड़ी काफी न्यूज लिखना, पढ़ना काफी पसंद है। इन्होंने इन सभी सेक्शन को बड़े पैमाने पर कवर किया है और पाठकों लिए बेहद शानदार रिपोर्ट पेश की है। दीपक दिल्लीवार, पिछले 5 साल से IBC24 न्यूज पोर्टल पर लीडर के तौर पर काम कर रहे हैं। इन्हें अपनी डेडिकेशन और अलर्टनेस के लिए जाना जाता है। इसी की वजह से वो पाठकों के लिए विश्वसनीय जानकारी के सोर्स बने हुए हैं। वो, निष्पक्ष, एनालिसिस बेस्ड और मजेदार समीक्षा देते हैं, जिससे इनकी फॉलोवर की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। काम के इतर बात करें, तो दीपक दिल्लीवार को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है। वो हेल्दी वर्क लाइफ बैलेंस करने में यकीन रखते हैं।"